चंडीगढ़: केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने चंडीगढ़ पुलिस के 60वें स्थापना दिवस पर सेक्टर-26 स्थित पुलिस लाइन में आयोजित समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में शिरकत की। इस दौरान उन्होंने चंडीगढ़ पुलिस को राष्ट्रपति पुलिस कलर सम्मान प्रदान किया। समारोह में पुलिस बल ने भव्य परेड के माध्यम से गृह मंत्री को सलामी दी। इसके साथ ही पुलिस बेड़े में 141 नए वाहनों को शामिल किया गया। अमित शाह ने 258 करोड़ रुपये की विभिन्न विकास परियोजनाओं का उद्घाटन और शिलान्यास भी किया।
समारोह को संबोधित करते हुए गृह मंत्री ने चंडीगढ़ पुलिस की कार्यशैली और यातायात प्रबंधन की जमकर सराहना की। उन्होंने कहा कि देश के विभिन्न हिस्सों में जाने पर वह चंडीगढ़ पुलिस का उदाहरण देते हैं। शहर में प्रति व्यक्ति वाहनों की संख्या अधिक होने के बावजूद उन्हें अपने दौरों के दौरान कभी यातायात जाम का सामना नहीं करना पड़ा। यह पुलिस की बेहतर योजना और कुशल व्यवस्था को दर्शाता है।
अमित शाह ने विश्वास जताया कि नशामुक्त भारत के संकल्प को पूरा करने में चंडीगढ़ देश का पहला नशामुक्त शहर बनेगा। उन्होंने बताया कि एनडीपीएस मामलों में नए कानून लागू होने के बाद चंडीगढ़ पुलिस ने 93 प्रतिशत आरोपियों को जेल पहुंचाया है। नशे और गैंगस्टरों के खिलाफ पुलिस की कार्रवाई की भी उन्होंने सराहना की।
गृह मंत्री ने कहा कि चंडीगढ़ पुलिस ने वर्ष 2015 के बाद बीट पुलिसिंग की शुरुआत की थी। चंडीगढ़ को केंद्र शासित प्रदेश बनाए जाने के बाद से पुलिस ने पंजाब और हरियाणा पुलिस के साथ बेहतर तालमेल कायम किया है। इस समन्वय से पूरे ट्राईसिटी क्षेत्र की सुरक्षा व्यवस्था मजबूत हुई है। उन्होंने आतंकवाद के कठिन दौर में पुलिस जवानों के साहस और बलिदान को याद करते हुए शहीदों को श्रद्धांजलि दी।
चंडीगढ़ के प्रशासक गुलाब चंद कटारिया ने बताया कि शहर में पुलिस का औसत रिस्पॉन्स टाइम चार मिनट 33 सेकेंड है। स्थापना के समय करीब 1,600 कर्मियों वाला पुलिस बल अब बढ़कर 4,500 से अधिक हो गया है। उन्होंने नशे के खिलाफ अभियान में 111 लोगों की गिरफ्तारी और बच्चों के पुनर्वास की जानकारी भी दी।
अमित शाह ने कहा कि 141 नए वाहनों से पुलिस की गश्त, त्वरित कार्रवाई और आधुनिक पुलिसिंग को मजबूती मिलेगी। उन्होंने उम्मीद जताई कि चंडीगढ़ पुलिस आने वाले वर्ष में रिस्पॉन्स टाइम के मामले में देश में पहला स्थान हासिल करेगी।







