
इस्लामाबाद: पाकिस्तान के पूर्व प्रधानमंत्री और पूर्व क्रिकेट कप्तान इमरान खान को उनकी बिगड़ती तबीयत के बीच सुप्रीम कोर्ट के आदेश पर अडियाला जेल से इस्लामाबाद के शिफा इंटरनेशनल हॉस्पिटल ले जाया गया। शुक्रवार तड़के कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया।
यह घटनाक्रम सुप्रीम कोर्ट की तीन सदस्यीय पीठ के उस आदेश के बाद हुआ, जिसमें सरकार को इमरान खान को चिकित्सकीय जांच और इलाज के लिए निजी अस्पताल ले जाने का निर्देश दिया गया था। न्यायमूर्ति शाहिद वहीद की अध्यक्षता वाली पीठ ने यह आदेश उनकी पार्टी पाकिस्तान तहरीक-ए-इंसाफ (PTI) की ओर से दायर याचिका पर सुनवाई के दौरान दिया था।
पीटीआई ने अपने बयान में कहा कि पूर्व प्रधानमंत्री को सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद अडियाला जेल से शिफा इंटरनेशनल हॉस्पिटल ले जाया गया है। हालांकि, अभी यह स्पष्ट नहीं है कि 73 वर्षीय इमरान खान को अस्पताल में कितने समय तक रखा जाएगा।
सरकार ने सुप्रीम कोर्ट के आदेश पर पुनर्विचार की मांग की थी, लेकिन सुप्रीम कोर्ट के रजिस्ट्रार कार्यालय ने अधूरे दस्तावेजों का हवाला देते हुए सरकार की याचिका वापस कर दी। सरकार का तर्क था कि इमरान खान को उनकी पसंद के निजी अस्पताल में इलाज की अनुमति देना अन्य कैदियों के साथ भेदभाव के समान होगा।
पाकिस्तानी मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, सरकार रजिस्ट्रार की आपत्तियों के खिलाफ अपील के साथ कुछ संशोधनों के बाद नई याचिका दाखिल कर सकती है।
इमरान खान की पार्टी और उनके वकील पिछले कई महीनों से उनकी स्वास्थ्य स्थिति को लेकर चिंता जताते रहे हैं। पार्टी ने पहले उनकी दाईं आंख से जुड़ी बीमारी का दावा करते हुए उनकी दृष्टि प्रभावित होने की बात कही थी। इसके बाद उन्हें कई बार सरकारी पीआईएमएस अस्पताल भी ले जाया गया था।
इमरान खान अगस्त 2023 से रावलपिंडी की अडियाला जेल में बंद हैं और भ्रष्टाचार समेत विभिन्न मामलों में मिली सजा काट रहे हैं। हालांकि, इमरान खान और उनकी पार्टी इन आरोपों से लगातार इनकार करते रहे हैं।






