गोपालगंज: रोजी-रोटी की तलाश में सात समंदर पार या परदेस जाने वाले मजदूरों के साथ होने वाले हादसों का सिलसिला थम नहीं रहा है। ताजा मामला गुजरात से सामने आया है, जहां पाइपलाइन बिछाने के दौरान मिट्टी धंसने से गोपालगंज जिले के भोरे के एक युवक की दर्दनाक मौत हो गई। शनिवार सुबह जैसे ही युवक का शव उसके पैतृक गांव पहुंचा, परिजनों की चीख-पुकार से पूरे इलाके का माहौल गमगीन हो गया। मृतक की पहचान भोरे थाना क्षेत्र के शुक्ल डूमर गांव निवासी सफी आलम के रूप में हुई है।
जानकारी के मुताबिक, सफी गुजरात में पाइपलाइन प्रोजेक्ट में वेल्डर के रूप में कार्यरत था। बीते 26 मार्च को वह जमीन के नीचे पाइपलाइन की वेल्डिंग कर रहा था, तभी अचानक ऊपर से मिट्टी का एक बड़ा हिस्सा ढह गया। सफी को संभलने का मौका तक नहीं मिला और वह मलबे में दब गया। अन्य सहयोगी कर्मियों ने जब तक उसे बाहर निकाला, तब तक उसकी सांसें थम चुकी थीं। परिजनों ने बताया कि सफी अपने दो भाइयों में छोटा था और पूरे परिवार की जिम्मेदारी उसी के कंधों पर थी।
वह हाल ही में शब-ए-बारात के मौके पर घर आया था और त्योहार मनाकर वापस काम पर लौटा था। किसी ने सोचा भी नहीं था कि वह आखिरी बार अपने परिवार से मिल रहा है। सफी के पीछे उसकी पत्नी और दो छोटे-छोटे बच्चे हैं, जिनका रो-रोकर बुरा हाल है। शनिवार सुबह जब एम्बुलेंस सफी का शव लेकर गांव पहुंची, तो पूरे शुक्ल डूमर गांव के लोगों की आंखें नम हो गईं। परिजनों की करुण पुकार सुनकर आसपास के ग्रामीणों की भारी भीड़ जमा हो गई। स्थानीय लोगों ने पीड़ित परिवार के लिए मुआवजे और आर्थिक सहायता की मांग की है, ताकि अनाथ हुए बच्चों का भविष्य संवारा जा सके।







