वैशाली: वैशाली के जढुआ ओपी के अध्यक्ष पुलिस सब-इंस्पेक्टर कौशल किशोर ने 6 अप्रैल 2026 की देर शाम अपने किराए के मकान में खुद को गोली मारकर आत्महत्या कर ली। यह घटना ओपी के पास ही हुई। मूल रूप से खगड़िया जिले के सन्हौली थाना क्षेत्र के चित्रगुप्त नगर के निवासी कौशल किशोर के इस कदम के पीछे एक महिला कांस्टेबल से प्रेम संबंध और पारिवारिक विवाद को मुख्य वजह बताया जा रहा है। जांच में सामने आया है कि दरोगा कौशल किशोर का एक महिला कांस्टेबल से प्रेम प्रसंग चल रहा था। शादी के बाद उनकी पत्नी महिला कांस्टेबल से दूरी बनाने को लेकर उन पर दबाव डाल रही थीं। दरोगा के पिता सच्चिदानंद रजक ने अपने बेटे के निजी जीवन और पारिवारिक विवादों की जानकारी दी है। सच्चिदानंद रजक के अनुसार, शादी के कुछ दिनों बाद उन्हें पता चला कि उनके बेटे का किसी अन्य लड़की के साथ संबंध है। उन्होंने कौशल को समझाया था कि अब उसकी शादी हो चुकी है और उसे अपनी पिछली गलतियों को सुधार कर पत्नी के साथ खुशी से जीवन बिताना चाहिए।
कौशल किशोर का विवाह दलसिंहसराय, समस्तीपुर निवासी शिक्षक जितेंद्र रजक की बेटी भाव्या से 30 नवंबर 2025 को हुआ था। शादी के बाद पत्नी भाव्या को भी पति के अवैध संबंध के बारे में पता चल गया था। पिता ने बताया कि शुरुआत में कौशल और उनकी पत्नी भाव्या का जीवन सुखमय था, लेकिन बाद में भाव्या बीच-बीच में कौशल को मानसिक रूप से परेशान करने लगी थीं। कौशल अपने पिता को इसकी जानकारी देते थे। सच्चिदानंद रजक ने भाव्या को भी समझाया था कि वह कौशल को परेशान न करें और यदि कोई समस्या हो तो उन्हें या अपनी सास को बताएं। भाव्या ने इस बात पर सहमति भी जताई थी। घटना से तीन-चार दिन पहले भाव्या के पिता जितेंद्र रजक, मां सुदामा भारती और भाई शाश्वत राज हाजीपुर स्थित कौशल के किराए के मकान पर आए थे। उस समय दरोगा की मां विमला देवी भी वहीं मौजूद थीं। आरोप है कि तीनों ने मिलकर कौशल किशोर को धमकी दी और उनसे एक करोड़ रुपये की मांग की। दरोगा के पिता के अनुसार, भाव्या के परिजनों ने कौशल से कहा कि रुपये मिलने के बाद भाव्या उसे तलाक दे देगी। मृतक के पिता ने यह भी बताया कि उनकी पत्नी ने फोन कर कहा कि ये लोग धमकी दे रहे हैं कि यदि रुपये जल्दी नहीं दिए गए तो इतना प्रताड़ित करेंगे कि वह परेशान होकर आत्महत्या करने को मजबूर हो जाएगा।
साथ ही यह भी कहा गया कि उसकी मृत्यु के बाद उनकी पुत्री को अनुकंपा के आधार पर नौकरी मिल जाएगी। दिनांक 6 अप्रैल 2026 को भाव्या की मां ने मेरे पुत्र को तंग-तबाह कर मेरी पत्नी को घर भेज दिया और स्वयं मेरे बेटे के पास रह गईं। जब मेरी पत्नी घर पहुंचीं और जितेंद्र रजक को फोन कर कहा कि मैं अपने घर आ गई हूं, आप भी भाव्या की मां को अपने पास बुला लीजिए, तो इस पर जितेंद्र रजक ने कहा कि मां को बेटे को ठीक करने के लिए वहीं रखा गया है। उन्होंने बताया कि मेरा पुत्र किसी कार्य से व्यवहार न्यायालय हाजीपुर गया था। कुछ देर बाद भाव्या की मां भी न्यायालय पहुंच गईं और मेरे पुत्र को न्यायालय परिसर में ही अभद्र भाषा बोलते हुए अपमानित करने लगीं। बाद में घर लौटने पर कौशल ने फोन पर यह बात बताई। कुछ देर बाद भाव्या ने सूचना दी कि कौशल ने कमरे में बंद होकर अपनी सर्विस पिस्टल से खुद को गोली मार ली। दरोगा ने ढाई लाइन का सुसाइड नोट लिखा था, जिसमें लिखा था ‘मैं अपने होशो-हवास में गोली मारकर आत्महत्या कर रहा हूं, मेरे आत्महत्या करने में किसी का कोई दोष नहीं है।’ दरोगा का महिला कांस्टेबल राखी कुमारी से अफेयर बताया गया है, जो मुंगेर की रहने वाली 2021 बैच की सिपाही है।







