Major action by EOU! Five locations of engineer Narad Kumar Das raided, assets worth 83.53 lakh questioned.

पटना: बिहार में भ्रष्टाचार के खिलाफ आर्थिक अपराध इकाई (EOU) ने बड़ी कार्रवाई शुरू की है। योजना एवं विकास विभाग के कार्यपालक अभियंता नारद कुमार दास के खिलाफ आय से अधिक संपत्ति अर्जित करने के मामले में गुरुवार सुबह एक साथ चार जिलों में छापेमारी की गई। विशेष न्यायालय निगरानी, पटना से तलाशी वारंट मिलने के बाद EOU की अलग-अलग टीमों ने उनके पांच ठिकानों पर जांच शुरू की।

आर्थिक अपराध इकाई के अनुसार, जांच में प्रथमदृष्टया ऐसे साक्ष्य मिले हैं, जिनसे संकेत मिलता है कि नारद कुमार दास ने अपनी ज्ञात और वैध आय के स्रोतों से अधिक संपत्ति अर्जित की। एजेंसी का दावा है कि उनकी कथित अतिरिक्त संपत्ति 83 लाख 53 हजार 200 रुपये है। यह राशि उनकी ज्ञात आय से करीब 64.93 फीसदी अधिक बताई गई है।

GNSU Admission Open 2026

चार जिलों में पांच ठिकानों पर एक साथ कार्रवाई

EOU की टीमें भागलपुर, मुंगेर, पटना और मुजफ्फरपुर में अलग-अलग स्थानों पर तलाशी ले रही हैं। भागलपुर के तिलकामांझी स्थित हनुमान पथ के आवास, मुंगेर के कासिम बाजार थाना क्षेत्र के बेलन बाजार बंगाली टोला स्थित ठिकाने और स्थानीय क्षेत्र अभियंत्रण संगठन कार्य प्रमंडल के सरकारी कार्यालय को जांच के दायरे में लिया गया है।

इसके अलावा मुजफ्फरपुर के काजी मोहम्मदपुर थाना क्षेत्र स्थित राधिका अपार्टमेंट के फ्लैट और पटना के रूपसपुर थाना क्षेत्र के कुसुमपुरम स्थित आवास पर भी EOU की कार्रवाई जारी है। तलाशी टीमों का नेतृत्व पुलिस उपाधीक्षक स्तर के अधिकारी कर रहे हैं।

नकदी मिलने की सूचना से बढ़ी हलचल

तलाशी के दौरान बड़ी मात्रा में नकदी मिलने की सूचना भी सामने आई है। सूत्रों के मुताबिक, बरामद नकदी की गिनती के लिए नोट गिनने वाली मशीन का इस्तेमाल किया जा रहा है। हालांकि, बरामदगी की अंतिम आधिकारिक राशि तलाशी पूरी होने के बाद ही स्पष्ट होगी। टीम संपत्ति से जुड़े दस्तावेज, बैंकिंग रिकॉर्ड और अन्य महत्वपूर्ण कागजात भी खंगाल रही है।

7 अक्टूबर को दर्ज हुआ था मामला

आर्थिक अपराध इकाई ने सात अक्टूबर 2026 को EOU थाना कांड संख्या 28/26 दर्ज किया था। मामला भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम, 1988 की धारा 13(2) सहपठित धारा 13(1)(बी) के तहत दर्ज किया गया है। इसके बाद विशेष न्यायालय निगरानी, पटना से तलाशी वारंट प्राप्त किया गया।

EOU के मुताबिक, तलाशी पूरी होने के बाद बरामद संपत्ति, नकदी और दस्तावेजों का आकलन किया जाएगा। इसके आधार पर मामले में आगे की कानूनी कार्रवाई तय होगी।