सासाराम (रोहतास): नगर निगम क्षेत्र के वार्ड संख्या 23 में नाली निर्माण की गुणवत्ता को लेकर शुरू हुआ विवाद अब पुलिस थाने तक पहुंच गया है। इस मामले में ठेकेदार पक्ष और वार्ड पार्षद मंटू गुप्ता के भाई संजय वैश्य की ओर से एक-दूसरे के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कराई गई है। घटना से संबंधित एक वीडियो भी सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है, जिसमें संजय वैश्य निर्माण कार्य को लेकर ठेकेदार पक्ष से बहस करते दिखाई दे रहे हैं।
मिली जानकारी के अनुसार, वार्ड संख्या 23 में नाली निर्माण का कार्य कराया जा रहा था। इसी दौरान निर्माण की गुणवत्ता को लेकर विवाद शुरू हो गया। वार्ड पार्षद के भाई संजय वैश्य का आरोप है कि ठेकेदार द्वारा नाली का निर्माण निर्धारित मानकों के अनुरूप नहीं कराया जा रहा था। उन्होंने निर्माण कार्य में कथित अनियमितता पर आपत्ति जताते हुए उसे सही तरीके से कराने की मांग की थी। इसी बात को लेकर दोनों पक्षों के बीच कहासुनी हो गई, जो बाद में विवाद में बदल गई।
घटना के बाद ठेकेदार पक्ष की ओर से पहले थाने में प्राथमिकी दर्ज कराई गई। इसके बाद संजय वैश्य ने भी दूसरे पक्ष के खिलाफ शिकायत दर्ज कराई। इस तरह मामले में दोनों पक्षों की ओर से क्रॉस एफआईआर दर्ज हो गई है।
पत्रकारों से बातचीत के दौरान संजय वैश्य ने अपने ऊपर लगाए गए आरोपों को बेबुनियाद बताया। उन्होंने दावा किया कि वह केवल नाली निर्माण में हो रही कथित गड़बड़ी का विरोध कर रहे थे। इसी दौरान दूसरे पक्ष के लोगों ने उनके साथ गाली-गलौज और दुर्व्यवहार किया। संजय वैश्य ने यह भी आरोप लगाया कि विवाद के दौरान उनकी सोने की चेन और नकदी छीन ली गई।
वहीं, इस मामले में दोनों पक्षों की ओर से अलग-अलग आरोप लगाए गए हैं। ऐसे में घटना की वास्तविक स्थिति पुलिस जांच के बाद ही स्पष्ट हो सकेगी।
फिलहाल सासाराम नगर थाना की पुलिस दोनों पक्षों की शिकायतों के आधार पर मामले की जांच कर रही है। वायरल वीडियो और लगाए गए आरोपों की भी जांच की जा रही है। पुलिस जांच के बाद ही विवाद के कारणों और जिम्मेदार लोगों को लेकर स्थिति साफ हो पाएगी।







