Home बिहार वर्दी रौब दिखाने के लिए नहीं मिली…”: बिहार DGP का सख्त संदेश,...

वर्दी रौब दिखाने के लिए नहीं मिली…”: बिहार DGP का सख्त संदेश, दहेजखोर पुलिसकर्मियों को दी चेतावनी

189
0
वर्दी रौब दिखाने के लिए नहीं मिली…”: बिहार DGP का सख्त संदेश, दहेजखोर पुलिसकर्मियों को दी चेतावनी

बिहार में महिलाओं के खिलाफ बढ़ते अपराध और घरेलू हिंसा के मामलों को लेकर पुलिस मुख्यालय ने सख्त रुख अपनाया है। इसी क्रम में राज्य के पुलिस महानिदेशक विनय कुमार ने ‘घरेलू हिंसा और जेंडर आधारित हिंसा’ विषय पर आयोजित राज्य स्तरीय प्रशिक्षण कार्यशाला में पुलिसकर्मियों को कड़ा संदेश दिया। उन्होंने स्पष्ट कहा कि पुलिस की वर्दी रौब झाड़ने के लिए नहीं, बल्कि जनता की सेवा के लिए दी गई है। कार्यशाला के दौरान डीजीपी ने पुलिसकर्मियों, खासकर महिला पुलिसकर्मियों के व्यवहार पर नाराजगी जताई। उन्होंने कहा कि कई मामलों में पीड़ितों के साथ संवेदनशीलता की कमी देखने को मिलती है, जो बेहद चिंताजनक है। उन्होंने जोर देकर कहा कि थाने पहुंचने वाली पीड़ित महिलाओं और बच्चियों के साथ सहानुभूति और सम्मानपूर्ण व्यवहार किया जाना चाहिए। डीजीपी ने एक मामले का उल्लेख करते हुए बताया कि एक महिला थानाध्यक्ष द्वारा गरीब परिवार से पैसे और वाहन की मांग की गई, जो पूरी तरह अस्वीकार्य है। उन्होंने कहा कि इस तरह के आचरण वाले पुलिसकर्मियों को वर्दी पहनने का अधिकार नहीं होना चाहिए और उनके खिलाफ कड़ी कार्रवाई जरूरी है। दहेज प्रथा पर भी डीजीपी ने कड़ा रुख अपनाया। उन्होंने कहा कि यदि कोई पुलिसकर्मी दहेज लेने या उससे जुड़े मामलों में दोषी पाया जाता है, तो उसे सेवा में बने रहने का कोई अधिकार नहीं है। ऐसे मामलों में सख्त कार्रवाई करते हुए बर्खास्तगी तक की प्रक्रिया अपनाई जानी चाहिए। उन्होंने महिला थाना पुलिसकर्मियों को निर्देश दिया कि वे सिर्फ थाने तक सीमित न रहें, बल्कि गांव और पंचायत स्तर पर जाकर जागरूकता अभियान चलाएं। उन्होंने कहा कि जेंडर आधारित हिंसा केवल कानून-व्यवस्था का विषय नहीं, बल्कि सामाजिक मानसिकता से जुड़ा मुद्दा है। डीजीपी ने यह भी कहा कि ऐसे मामलों में त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित की जाए और दोषियों को जल्द सजा दिलाई जाए। उन्होंने भरोसा दिलाया कि आने वाले समय में राज्यभर में जागरूकता अभियान चलाकर महिलाओं के लिए सुरक्षित वातावरण बनाने की दिशा में ठोस कदम उठाए जाएंगे।

GNSU Admission Open 2026