पटना: पटना में यातायात व्यवस्था को बेहतर बनाने और जलनिकासी की समस्या के समाधान के लिए एक बड़ी परियोजना पूरी कर ली गई है। पटना स्मार्ट सिटी की ओर से मंदिरी नाला परियोजना के तहत आयकर चौराहा से अशोक राजपथ तक 1289 मीटर लंबी सड़क का निर्माण कराया गया है। इस परियोजना पर कुल 115.08 करोड़ रुपये खर्च किए गए हैं। आज मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी के नेतृत्व में इस मेगा प्रोजेक्ट का शुभारंभ कर दिया गया। इसके लिए एक कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इसमें मुख्य अतिथि के रूप भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन और बिहार सरकार के सभी मंत्री शामिल हुए। परियोजना का कार्य सितंबर 2023 में शुरू हुआ था और इसे 25 मार्च 2026 तक पूरा करने का लक्ष्य रखा गया था।
नव निर्मित सड़क की चौड़ाई 5.5 मीटर टू-लेन है। इसके अलावा 3.5 मीटर चौड़ी सर्विस रोड और एक मीटर चौड़ा ड्रेन भी बनाया गया है। इस परियोजना के तहत मंदिरी नाले का जीर्णोद्धार कर उसे पूरी तरह ढक दिया गया है और उसके ऊपर सड़क बनाई गई है। इससे एक ओर जहां लोगों को नया संपर्क मार्ग मिला है, वहीं दूसरी ओर जलजमाव और गंदगी की समस्या से भी राहत मिलने की उम्मीद है। परियोजना के अंतर्गत कुल छह कल्वर्ट का निर्माण किया गया है।
यह सड़क नेहरू पथ (बेली रोड) स्थित आयकर चौराहा को दानापुर-बांकीपुर पथ के बांस घाट से जोड़ती है। निर्माण कार्य के दौरान बॉक्स ड्रेन आधारित टू-लेन संपर्क पथ तैयार किया गया है। मंदिरी नाले में एसपी वर्मा रोड, मीठापुर, गर्दनीबाग, मानूनजार, धोबीघाट, इको पार्क क्षेत्र, छज्जूबाग, एमएलए फ्लैट और सिंचाई भवन इलाके के नाले आकर मिलते हैं। ऐसे में इस परियोजना को राजधानी की जलनिकासी व्यवस्था के लिए अहम माना जा रहा है। परियोजना में सर्विस रोड के साथ यूटिलिटी डक्ट और नाले का निर्माण भी किया गया है। साथ ही सफाई कार्य को आसान बनाने के लिए दो रैंप भी बनाए गए हैं। अधिकारियों का कहना है कि इस सड़क के शुरू होने से शहर के कई इलाकों में ट्रैफिक दबाव कम होगा और लोगों को आवागमन में सुविधा मिलेगी।







