ACC to send inspection team to Japan ahead of Asian Games, raising questions over facilities for cricketers

नयी दिल्ली: जापान में होने वाले एशियन गेम्स 2026 से पहले क्रिकेटरों के ठहरने की सुविधाओं को लेकर चिंता सामने आई है। एशियन क्रिकेट काउंसिल (ACC) की बैठक में खिलाड़ियों के लिए उपलब्ध होटल कमरों के आकार पर चर्चा हुई। रिपोर्टों के मुताबिक, कमरों का आकार इतना छोटा है कि दो क्रिकेटरों के लिए किटबैग और अन्य सामान के साथ आराम से रहना मुश्किल हो सकता है।

मामले से जुड़े सूत्रों के अनुसार, कुछ क्रिकेट बोर्ड ने खिलाड़ियों के रहने की व्यवस्था को लेकर चिंता जताई है। इसी के बाद फुल-मेंबर बोर्डों के प्रतिनिधियों को जापान भेजकर सुविधाओं का प्रत्यक्ष निरीक्षण कराने का सुझाव दिया गया है। प्रतिनिधि वहां की व्यवस्थाओं का जायजा लेकर अपने-अपने बोर्ड को रिपोर्ट देंगे।

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रिपोर्टों में यह भी कहा गया है कि एक बोर्ड ने सुविधाएं अपेक्षित मानकों के अनुरूप नहीं होने की स्थिति में मजबूत टीम के बजाय ‘बी टीम’ भेजने की संभावना तक जताई है। हालांकि अधिकांश बोर्डों ने अन्य व्यवस्थाओं को लेकर बड़ी आपत्ति नहीं जताई है और फिलहाल मुख्य चिंता खिलाड़ियों के कमरे के आकार को लेकर है।

भारत की टीम में कई बड़े नाम

एशियन गेम्स के लिए बीसीसीआई ने पुरुष और महिला दोनों टीमों के मजबूत स्क्वाड का ऐलान किया है। पुरुष टीम की कप्तानी श्रेयस अय्यर करेंगे, जबकि जसप्रीत बुमराह, अभिषेक शर्मा, संजू सैमसन, अक्षर पटेल और वैभव सूर्यवंशी जैसे खिलाड़ी टीम में शामिल हैं। बीसीसीआई की घोषित टीम में बाद में बदलाव भी हुए हैं।

महिला टीम की कप्तानी हरमनप्रीत कौर को सौंपी गई है और स्मृति मंधाना उपकप्तान हैं। हालांकि जेमिमा रोड्रिग्स चोट के कारण एशियन गेम्स से बाहर हो चुकी हैं।

भारत ने 2022 एशियन गेम्स में पुरुष और महिला दोनों क्रिकेट स्पर्धाओं में स्वर्ण पदक जीता था और इस बार भी वह खिताब बचाने के इरादे से उतरेगा। क्रिकेट मुकाबले सितंबर में जापान के आइची-नागोया क्षेत्र में आयोजित होंगे।

इस बीच, आयोजकों के सामने एशियन गेम्स में बड़ी संख्या में खिलाड़ियों और अधिकारियों के ठहरने की चुनौती भी बनी हुई है। आयोजकों और ओलंपिक काउंसिल ऑफ एशिया ने कहा है कि करीब 17,000 खिलाड़ियों और अधिकारियों के लिए आवास की व्यवस्था कर ली गई है। होटल, अस्थायी आवास और क्रूज शिप समेत कई विकल्पों का इस्तेमाल किया जा रहा है।