चंद्रपुर। महाराष्ट्र के चंद्रपुर जिले में फसल खराब होने और कर्ज के बोझ से परेशान एक 65 वर्षीय किसान की तालाब में डूबने से मौत हो गई। घटना नागभीड़ तालुका के मिंथुर गांव की है। पुलिस के अनुसार, किसान की पहचान मुखारू लक्ष्मण दादमाल के रूप में हुई है। शुरुआती जानकारी के मुताबिक, बारिश की कमी के कारण धान की फसल बर्बाद होने से वह आर्थिक संकट का सामना कर रहे थे।
पुलिस के अनुसार, किसान ने गांव के तालाब में छलांग लगा दी थी। सूचना मिलने के बाद नागभीड़ पुलिस ने तलाशी अभियान शुरू किया। थाना प्रभारी कोकाटे के नेतृत्व में चलाए गए अभियान के दौरान किसान का शव तालाब से बरामद किया गया। पुलिस मामले से संबंधित परिस्थितियों की जानकारी जुटा रही है।
फसल खराब होने से बढ़ी आर्थिक परेशानी
परिजनों के मुताबिक, बारिश नहीं होने के कारण किसान की धान की फसल को भारी नुकसान हुआ था। इससे उनकी आमदनी प्रभावित हुई और परिवार के भरण-पोषण के साथ कर्ज चुकाने की चिंता भी बढ़ गई थी।
मृतक की पत्नी के अनुसार, किसान पर एक माइक्रोफाइनेंस कंपनी का कर्ज बकाया था। फसल खराब होने के बाद परिवार की आर्थिक स्थिति और कमजोर हो गई थी। वहीं, सरकारी राहत मिलने की राशि और समय को लेकर बनी अनिश्चितता ने उनकी चिंता बढ़ा दी थी।
परिवार में पत्नी और तीन बेटियां हैं। किसान की मौत से परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है। घटना के बाद गांव में भी शोक का माहौल है।
विदर्भ में किसानों की समस्याएं फिर चर्चा में
यह घटना विदर्भ क्षेत्र में किसानों के सामने मौजूद आर्थिक चुनौतियों को एक बार फिर उजागर करती है। कम बारिश, फसल का नुकसान और कर्ज का दबाव कृषि पर निर्भर परिवारों के लिए गंभीर मुश्किलें पैदा कर सकते हैं।
किसानों को समय पर राहत, फसल नुकसान का उचित आकलन और आर्थिक सहायता उपलब्ध कराना ऐसे संकटों से निपटने के लिए महत्वपूर्ण माना जाता है।
पुलिस ने किसान का शव बरामद कर मामले की जांच शुरू कर दी है। घटना के पीछे की परिस्थितियों और परिवार की ओर से बताए गए आर्थिक कारणों से संबंधित तथ्यों की पड़ताल की जा रही है।







