पटना। जनता दल यूनाइटेड (जदयू) के राष्ट्रीय अध्यक्ष और बिहार के पूर्व मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने महान समाजवादी चिंतक एवं विचारक डॉ. राम मनोहर लोहिया को उनकी पुण्यतिथि पर भावपूर्ण श्रद्धांजलि अर्पित की। उन्होंने डॉ. लोहिया के विचारों, सिद्धांतों और सामाजिक न्याय के प्रति उनके आजीवन संघर्ष को याद करते हुए कहा कि उनकी विचारधारा आज भी समाज और राजनीति के लिए प्रेरणास्रोत है।
नीतीश कुमार ने कहा कि डॉ. राम मनोहर लोहिया ने अपना पूरा जीवन सामाजिक विषमता, अन्याय और शोषण के खिलाफ संघर्ष करते हुए बिताया। उनका उद्देश्य समानता, सामाजिक न्याय और जनकल्याण पर आधारित समाज की स्थापना करना था। लोहिया की समाजवादी विचारधारा ने राजनीति को वंचित, उपेक्षित और कमजोर वर्गों के अधिकारों से जोड़ने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।
समान अवसर और सम्मान के पक्षधर थे लोहिया
जदयू अध्यक्ष ने कहा कि डॉ. लोहिया ऐसी सामाजिक व्यवस्था के समर्थक थे, जिसमें सामाजिक और आर्थिक असमानताओं को दूर किया जाए। उनका मानना था कि प्रत्येक व्यक्ति को सम्मानपूर्वक जीवन जीने और आगे बढ़ने के समान अवसर मिलने चाहिए। उनके विचार समाज में समानता स्थापित करने और कमजोर वर्गों को अधिकार दिलाने की दिशा में महत्वपूर्ण मार्गदर्शन प्रदान करते हैं।
नीतीश कुमार के अनुसार, डॉ. लोहिया के सिद्धांत आज भी प्रासंगिक हैं। उनके विचार एक न्यायपूर्ण, समतामूलक और संवेदनशील समाज के निर्माण की प्रेरणा देते हैं। लोकतंत्र की वास्तविक सफलता तभी संभव है, जब समाज के अंतिम पायदान पर खड़े व्यक्ति तक विकास का लाभ पहुंचे और उसे सामाजिक सम्मान, समान अवसर तथा अपने अधिकारों के साथ आगे बढ़ने का मौका मिले।
लोहिया के आदर्शों पर चलने का आह्वान
नीतीश कुमार ने कहा कि डॉ. लोहिया की समाजवादी विचारधारा और सामाजिक न्याय के प्रति उनकी प्रतिबद्धता सभी के लिए प्रेरणादायक है। समानता पर आधारित समाज का उनका सपना आज भी प्रासंगिक बना हुआ है।
उन्होंने कहा कि डॉ. लोहिया के आदर्शों को अपनाकर सामाजिक विषमता दूर करने, वंचित वर्गों के हितों की रक्षा करने और विकास का लाभ समाज के प्रत्येक तबके तक पहुंचाने के प्रयास जारी रखना आवश्यक है। यही उनके प्रति सच्ची श्रद्धांजलि होगी।







