पटना: चार दिवसीय चैती छठ महापर्व का आज तीसरा दिन है, जिसे संध्या अर्घ्य के रूप में मनाया जाता है। इस अवसर पर श्रद्धालु शाम के समय नदी, तालाब और छठ घाटों पर पहुंचकर अस्ताचलगामी सूर्य को अर्घ्य अर्पित करते हैं। पटना सहित पूरे बिहार में दोपहर से ही घाटों पर श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ने लगी है और वातावरण भक्तिमय हो गया है।
राजधानी पटना में छठ पर्व को लेकर विशेष तैयारियां की गई हैं। सड़कों और घाटों की सफाई कर उन्हें पूरी तरह से सजाया गया है। गली-मोहल्लों में छठ के पारंपरिक गीत गूंज रहे हैं, जिससे माहौल और भी श्रद्धामय बन गया है। आज चैत्र शुक्ल पक्ष की षष्ठी तिथि है और शाम 6:02 बजे सूर्यास्त के समय व्रती जल में खड़े होकर भगवान भास्कर को अर्घ्य देंगे। इसके बाद 25 मार्च की सुबह 5:49 बजे उगते सूर्य को अर्घ्य दिया जाएगा और पारण के साथ व्रत का समापन होगा।
प्रशासन ने घाटों पर सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए हैं। पाटलिपुत्र, नूतन राजधानी, बांकीपुर, अजीमाबाद और पटना सिटी अंचल में दर्जनों घाटों को तैयार किया गया है। सभी घाटों पर सीसीटीवी कैमरे लगाए गए हैं और साफ-सफाई बनाए रखने के लिए सख्त निर्देश दिए गए हैं। पुलिस बल की पर्याप्त तैनाती के साथ गश्ती दल लगातार निगरानी कर रहे हैं। कंट्रोल रूम भी स्थापित किए गए हैं, ताकि किसी भी आपात स्थिति से तुरंत निपटा जा सके।वहीं, ट्रैफिक व्यवस्था को लेकर भी विशेष योजना लागू की गई है। अशोक राजपथ पर कारगिल चौक से दीदारगंज तक आम वाहनों के परिचालन पर रोक लगा दी गई है। जेपी गंगा पथ और अटल पथ पर भी कुछ समय के लिए यातायात प्रतिबंधित किया गया है। श्रद्धालुओं की सुविधा और सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए प्रशासन पूरी तरह सतर्क है।







