
पटना: बिहार में विकास, स्वास्थ्य, शिक्षा, खेल और रोजगार के क्षेत्र में तेजी लाने के लिए सम्राट कैबिनेट ने कई अहम प्रस्तावों को मंजूरी दे दी है। कैबिनेट की बैठक में राज्य के लिए कई बड़े फैसले लिए गए, जिनका असर आने वाले समय में स्वास्थ्य सुविधाओं, रोजगार के अवसरों और बुनियादी ढांचे पर पड़ेगा।
कैबिनेट ने पीपीपी मॉडल के तहत बिहार में 16 नए मेडिकल कॉलेज खोलने के प्रस्ताव को मंजूरी दी है। इससे राज्य में चिकित्सा शिक्षा के विस्तार के साथ-साथ स्वास्थ्य सेवाओं को भी मजबूती मिलने की उम्मीद है। बैठक में ‘हर घर तिरंगा अभियान-2026’ के सफल आयोजन को भी स्वीकृति दी गई। सरकार का उद्देश्य इस अभियान के माध्यम से लोगों में देशभक्ति और राष्ट्रीय ध्वज के प्रति सम्मान की भावना को और मजबूत करना है।
खेल क्षेत्र को बढ़ावा देने के लिए राजगीर स्थित राज्य खेल अकादमी परिसर में स्पोर्ट्स साइंस सेंटर स्थापित करने का फैसला लिया गया है। इस सेंटर के जरिए खिलाड़ियों को आधुनिक प्रशिक्षण और वैज्ञानिक सुविधाएं उपलब्ध कराने की योजना है। शहरी विकास को गति देने के लिए जमालपुर और मुंगेर की विकास परियोजनाओं के लिए करोड़ों रुपये की स्वीकृति दी गई है। वहीं रोजगार के क्षेत्र में उद्योग विभाग में 106 नए पदों और कला-संस्कृति विभाग में 12 पदों के सृजन को मंजूरी मिली है।
कैबिनेट ने नवादा में बिहार औद्योगिक सुरक्षा बल (BISF) की स्थापना के लिए जमीन उपलब्ध कराने के प्रस्ताव को भी हरी झंडी दी है। इसके अलावा न्याय व्यवस्था को मजबूत करने के लिए पूर्णिया, भागलपुर, गया समेत कई जिलों में विशेष न्यायालयों की स्थापना और नए पदों के सृजन का निर्णय लिया गया है। स्वास्थ्य क्षेत्र में आयुष चिकित्सा पदाधिकारियों की नियुक्ति और बिहार स्वास्थ्य विज्ञान विश्वविद्यालय में नए पदों के सृजन को मंजूरी दी गई है। साथ ही राज्य में पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए बिहार हेली टूरिज्म सेवा शुरू करने के प्रस्ताव को भी स्वीकृति मिली है।
इसके अलावा पूर्वी चंपारण में केंद्रीय विद्यालय के लिए जमीन उपलब्ध कराने और समाज कल्याण विभाग के तहत 330 होमगार्ड की तैनाती जैसे महत्वपूर्ण फैसले भी लिए गए हैं। सरकार का कहना है कि सम्राट कैबिनेट के इन फैसलों से बिहार में स्वास्थ्य, शिक्षा, खेल, पर्यटन, कानून व्यवस्था और रोजगार के क्षेत्र में नई गति आएगी। कैबिनेट के इन निर्णयों को राज्य के विकास की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम बताया जा रहा है।






