अब्दुल एल-सईद की ऐतिहासिक जीत, अमेरिकी सीनेट में पहुंचने वाले पहले मुस्लिम बने
Abdul El-Sayed’s historic victory; he becomes the first Muslim to reach the U.S. Senate.

वाशिंगटन: मिशिगन में हुए कड़े चुनावी मुकाबले में डेमोक्रेटिक उम्मीदवार अब्दुल एल-सईद ने रिपब्लिकन पार्टी के पूर्व सांसद माइक रोजर्स को हराकर इतिहास रच दिया है। अमेरिकी मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, इस जीत के साथ एल-सईद अमेरिकी सीनेट के लिए निर्वाचित होने वाले पहले मुस्लिम बन गए हैं। वह सेवानिवृत्त हो रहे सीनेटर गैरी पीटर्स की खाली हुई सीट का प्रतिनिधित्व करेंगे।

चिकित्सक और सार्वजनिक स्वास्थ्य क्षेत्र में पूर्व अधिकारी रहे एल-सईद ने डेमोक्रेटिक पार्टी की कड़ी प्राइमरी में जीत हासिल करने के बाद आम चुनाव में अपनी दावेदारी पेश की थी। उनकी यह जीत ऐसे समय में आई है, जब पूरे चुनाव अभियान के दौरान उनकी धार्मिक पहचान को राजनीतिक मुद्दा बनाया गया। राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और रिपब्लिकन पार्टी के कई नेताओं ने उनकी मुस्लिम पृष्ठभूमि को लेकर लगातार निशाना साधा था। वहीं, एल-सईद ने चरमपंथ से कथित संबंधों के आरोपों को सिरे से खारिज किया था।

GNSU Admission Open 2026

मिशिगन में मिली यह जीत राजनीतिक रूप से भी अहम मानी जा रही है। वर्ष 2024 के राष्ट्रपति चुनाव में इसी राज्य में डोनाल्ड ट्रंप ने बेहद कम अंतर से जीत दर्ज की थी। जनवरी में नई कांग्रेस के कार्यभार संभालने के बाद एल-सईद सीनेट में अपना स्थान ग्रहण करेंगे।

जीत के बाद आयोजित कार्यक्रम में एल-सईद ने समर्थकों और मिशिगन के मतदाताओं का आभार जताया। उन्होंने कहा कि वह उसी उदारता, खुले विचारों, दृढ़ता और ईमानदारी के साथ लोगों की सेवा करेंगे, जो उन्हें चुनाव प्रचार के दौरान मतदाताओं में देखने को मिली।

उन्होंने अपनी जीत को किसी एक व्यक्ति की सफलता के बजाय सामूहिक उपलब्धि बताया। साथ ही माइक रोजर्स पर तंज कसते हुए कहा कि अब उन्हें अपनी सेवानिवृत्ति का आनंद लेना चाहिए।

एल-सईद ने उप राष्ट्रपति जेडी वेंस पर भी टिप्पणी की। उन्होंने कहा कि जनवरी में संवैधानिक प्रक्रिया के तहत वेंस को ही उन्हें सीनेटर पद की शपथ दिलानी होगी। राष्ट्रपति ट्रंप को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि यदि उन्हें उनका नाम बोलने में परेशानी होती है, तो शपथ ग्रहण के बाद वह उन्हें ‘सीनेटर’ कहकर संबोधित कर सकते हैं।