तेहरान: यमन के हूती विद्रोहियों द्वारा सऊदी अरब के जहाजों के लिए बाब अल-मंदेब जलडमरूमध्य बंद करने की घोषणा के बाद इस मार्ग से गुजरने वाले कारोबारी जहाजों की संख्या में 56 प्रतिशत की गिरावट आयी है। यह जानकारी अमीरात के समाचार पत्र द नेशनल ने विश्लेषणात्मक कंपनी क्लेपर के आंकड़ों के हवाले से दी है।
हूतियों ने इससे पहले घोषणा की थी कि वे सऊदी अरब के खिलाफ नौसैनिक नाकाबंदी लागू कर रहे हैं। उनका आरोप है कि सऊदी अरब पिछले 12 वर्षों से यमन के हवाई क्षेत्र पर नियंत्रण बनाए हुए है और ईरानी विमान से हूती प्रतिनिधिमंडल के सना हवाईअड्डे पर उतरने के दौरान हवाईअड्डे पर गोलाबारी की गयी थी।
रिपोर्ट के अनुसार, रविवार को केवल 15 वाणिज्यिक जहाज बाब अल-मंदेब जलडमरूमध्य से गुजरे, जबकि नाकेबंदी की घोषणा वाले दिन (20 जुलाई) इस मार्ग से 34 जहाजों का आवागमन हुआ था। इस प्रकार जहाजों की आवाजाही में 56 प्रतिशत की कमी दर्ज की गयी।
क्लेपर के आंकड़ों के अनुसार, रविवार को इस मार्ग से गुजरने वाले 15 जहाजों में से नौ लाल सागर से बाहर जा रहे थे, जबकि छह लाल सागर की ओर प्रवेश कर रहे थे। इन जहाजों में कच्चा तेल, अनाज और उर्वरक जैसी वस्तुओं की ढुलाई की जा रही थी।







