महोबा (उत्तर प्रदेश)। उत्तर प्रदेश के महोबा जिले के चरखारी में किसानों को निशुल्क वितरण के लिए आए चने के बीज को संदिग्ध परिस्थितियों में ले जाने का मामला सामने आया है। चरखारी विधायक डॉ. बृजभूषण राजपूत ने बुधवार रात राजकीय बीज भंडार से पिकअप वाहन में लादी जा रही चने के बीज की करीब 100 बोरियां पकड़ीं। मामले की सूचना मिलने पर कृषि विभाग के अधिकारी और पुलिस मौके पर पहुंचे। बीज से लदे वाहन को कब्जे में लेकर जांच शुरू कर दी गई है।
विधायक डॉ. बृजभूषण राजपूत के अनुसार, उन्हें शिकायत मिली थी कि कृषि विभाग के बीज गोदाम से रात के समय चने के बीज की बोरियां पिकअप वाहन में लादकर ले जाई जा रही हैं। शिकायत की जांच करने जब वह मौके पर पहुंचे, तो गोदाम बंद होने के बावजूद बोरियां वाहन में लादी जा रही थीं। उन्होंने गोदाम प्रभारी से बीज ले जाने की अनुमति और संबंधित अधिकारियों के आदेश के बारे में जानकारी मांगी, लेकिन संतोषजनक जवाब नहीं मिलने पर मामला अधिकारियों तक पहुंचाया गया।
इसके बाद उप कृषि निदेशक के निर्देश पर प्रभारी जिला कृषि अधिकारी बीसी विश्वकर्मा पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। अधिकारियों ने पिकअप वाहन और उसमें लदी चने के बीज की बोरियों को जब्त कर लिया। जब्त बीज की कीमत करीब चार से पांच लाख रुपये बताई जा रही है।
पुलिस उपाधीक्षक दीपक दुबे के मुताबिक, कृषि विभाग की तहरीर पर गोदाम प्रभारी समेत तीन लोगों को हिरासत में लिया गया है। मामले में मुकदमा दर्ज कर आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है। हालांकि, सरकारी बीज किस उद्देश्य से ले जाया जा रहा था और इसके लिए कोई आधिकारिक अनुमति थी या नहीं, यह जांच के बाद ही स्पष्ट होगा।
विधायक ने आरोप लगाया कि किसानों को निशुल्क बांटने के लिए आए सरकारी बीज को बेचने के उद्देश्य से ले जाया जा रहा था। उन्होंने दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की, ताकि किसानों के हितों की रक्षा हो सके। इस कार्रवाई के बाद क्षेत्र में कृषि विभाग की कार्यप्रणाली को लेकर चर्चा तेज हो गई है।







