डेहरा: जेल में बंद अमरजीत कुमार की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत के बाद परिजनों और ग्रामीणों में आक्रोश है। परिजनों ने जेल और अस्पताल प्रशासन पर लापरवाही व प्रताड़ना के गंभीर आरोप लगाते हुए मामले की निष्पक्ष जांच और मुआवजे की मांग की है।
मृतक के चाचा हित नारायण सिंह ने आरोप लगाया कि अमरजीत पहले स्वस्थ था। उनके अनुसार, सदर अस्पताल में कथित तौर पर इंजेक्शन दिए जाने के बाद उसकी बेचैनी बढ़ गई। परिजनों ने अन्य बंदियों के हवाले से दावा किया कि इस दौरान अमरजीत के साथ मारपीट की गई। हालांकि, इन आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है।
परिजनों ने एक कथित वीडियो का हवाला देते हुए यह भी आरोप लगाया कि बारिश के दौरान अमरजीत से जबरन ताला तुड़वाया गया था। परिवार ने पूरे मामले की उच्चस्तरीय जांच कर दोषी पाए जाने वाले जेल और अस्पताल कर्मियों पर कार्रवाई की मांग की है।
मृतक के पिता सुरेंद्र यादव ने बताया कि अमरजीत परिवार का मुख्य सहारा था। उसकी मौत के बाद तीन छोटे बच्चों और बुजुर्ग माता-पिता के सामने भरण-पोषण और शिक्षा की समस्या खड़ी हो गई है।
परिवार ने आश्रित को सरकारी नौकरी, बच्चों की शिक्षा व रहने की व्यवस्था और उचित मुआवजे की मांग की है। मांगें पूरी नहीं होने पर ग्रामीणों के साथ सड़क जाम और आंदोलन की चेतावनी दी गई है। मामले में पोस्टमार्टम रिपोर्ट का इंतजार है।







