
सुपौल: मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी बुधवार को अपने कार्यकाल में पहली बार सुपौल पहुंचे। उन्होंने छातापुर प्रखंड की बलुआ पंचायत में पूर्व मुख्यमंत्री डॉ. जगन्नाथ मिश्र की पुण्यतिथि पर आयोजित कार्यक्रम में हिस्सा लिया और उनकी प्रतिमा का अनावरण किया। इससे पहले मुख्यमंत्री ने डॉ. मिश्र के पैतृक मंदिर में पूजा-अर्चना की। कार्यक्रम के बाद मुख्यमंत्री चैनपुर गांव पहुंचे, जहां उन्होंने निर्माणाधीन कोसी-मेची अंतरराज्यीय रिवर लिंक परियोजना का निरीक्षण किया। उन्होंने अधिकारियों से परियोजना की प्रगति, निर्माण कार्य की मौजूदा स्थिति और आगे की कार्ययोजना की जानकारी ली। मुख्यमंत्री ने परियोजना के कैंप कार्यालय में समीक्षा बैठक भी की।
सम्राट चौधरी ने कोसी-मेची परियोजना को सीमांचल और बिहार के लिए ऐतिहासिक और महत्वपूर्ण बताते हुए कहा कि इसके पूरा होने से सिंचाई सुविधाओं का विस्तार होगा और किसानों को लाभ मिलेगा। परियोजना के तहत बाढ़ के दौरान कोसी नदी के अतिरिक्त पानी को लिंक नहर के जरिए मेची नदी तक पहुंचाने की योजना है। परियोजना पूरी होने के बाद करीब 2.14 लाख हेक्टेयर कृषि भूमि को अतिरिक्त और सुनिश्चित सिंचाई सुविधा मिलने की उम्मीद है। इनमें अररिया, पूर्णिया, किशनगंज और कटिहार के बड़े कृषि क्षेत्र शामिल हैं। परियोजना से कोसी के बाढ़ प्रभाव को कम करने और महानंदा बेसिन में जल उपलब्धता बढ़ाने में भी मदद मिलने की उम्मीद है।
परियोजना के तहत पूर्वी कोसी मुख्य नहर की जल वहन क्षमता को 15 हजार क्यूसेक्स से बढ़ाकर 20 हजार क्यूसेक्स किया जाएगा। इसके अलावा शाखा नहरों और वितरणियों का निर्माण भी किया जाना है। परियोजना की अनुमानित लागत 6,282.32 करोड़ रुपये है और इसे मार्च 2029 तक पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है। मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्माण कार्य में तेजी लाने के साथ गुणवत्ता और समयसीमा का विशेष ध्यान रखने का निर्देश दिया। उन्होंने यह भी सुनिश्चित करने को कहा कि परियोजना के निर्माण के दौरान किसानों को खेती-किसानी में किसी तरह की परेशानी न हो।
सम्राट चौधरी ने कोसी और गंडक नदियों के बेहतर प्रबंधन के लिए दीर्घकालिक योजना तैयार करने पर भी जोर दिया। उन्होंने कहा कि कोसी के अतिरिक्त पानी का बेहतर इस्तेमाल कर सीमांचल के खेतों तक पानी पहुंचाना सरकार की प्राथमिकताओं में शामिल है। कार्यक्रम में डिप्टी सीएम विजय चौधरी, नगर विकास एवं आवास मंत्री नीतीश मिश्रा, विधायक नीरज कुमार बबलू, रामविलास कामत, सोनम रानी सहित कई जनप्रतिनिधि और वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे।






