जोधपुर: केंद्रीय संस्कृति एवं पर्यटन मंत्री गजेन्द्र सिंह शेखावत ने कांग्रेस को राष्ट्रीय गीत वंदेमातरम् के अपमान को लेकर घेरते हुए कहा है कि संविधान सभा के निर्णय के बावजूद कांग्रेस पार्टी ने वंदेमातरम् को उचित सम्मान नहीं दिया। श्री शेखावत ने रविवार को यहां अपने आवास पर मीडिया से बातचीत में यह बात कही। उन्होंने स्वतंत्रता दिवस पर कांग्रेस पार्टी के नेताओं के वंदेमातरम् गीत के दौरान किए व्यवहार के वीडियो का जिक्र करते हुए कहा कि वंदेमातरम् को कांग्रेस ने तुष्टीकरण की राजनीति के चलते हुए दो हिस्सों में विभक्त किया था। वंदेमातरम् को दो हिस्सों में विभक्त करने के कारण से देश दो हिस्सों में बंटा था। वंदेमातरम् के विभाजन ने देश के विभाजन का मार्ग प्रशस्त किया। उन्होंने कहा कि अब जब देश की संसद कानून पारित कर चुकी है। ऐसा महान गीत, जिसने भारत की आजादी के आंदोलन को न केवल दिशा दी, अपितु लाखों लोगों को आजादी के आंदोलन में समर्पित होने की प्रेरणा दी।
उन्होंने कहा कि देश के लिए बलिदान होने का लोगों में जज्बा पैदा किया। देश भर में विभिन्न स्थानों पर विभिन्न तरीकों से जो आजादी के आंदोलन चल रहे थे। अलग-अलग स्तरों पर लड़ाई चल रही थी। अलग-अलग तरीकों से लड़ाई चल रही थी। उन सबको एकता के सूत्र में पिरोने का काम वंदेमातरम् ने किया था। श्री शेखावत ने कहा कि वंदेमातरम् के लिए या प्रति उनका (कांग्रेस) जो आचरण है, यह दुर्भाग्यपूर्ण भी है, निंदनीय भी है। उसके साथ-साथ में क्योंकि अब कानून बन चुका है, तब यह गैरकानूनी भी है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के लालकिले की प्राचीर से ऑनलाइन कोचिंग फ्री की बात से जुड़े सवाल पर श्री शेखावत ने कहा कि निश्चित रूप से शिक्षा को लगातार आधुनिक करने की आवश्यकता है। जिस तरह से देश में कोचिंग इंस्टीट्यूट और ऑर्गेनाइजेशन का मकड़जाल फैल रहा है उसे देखते हुए समय की मांग और आवश्यकता के अनुरूप इस दिशा में काम करने की अभी आवश्यकता है।







