Home बिहार चिराग पासवान बोले- महागठबंधन की कलह से मजबूत हुआ NDA, नीतीश हैं...

चिराग पासवान बोले- महागठबंधन की कलह से मजबूत हुआ NDA, नीतीश हैं अभी ‘दूल्हा’

334
0
Chirag Paswan said – NDA has become stronger due to the discord in the Grand Alliance, Nitish is still the 'groom'.

पटना: केंद्रीय मंत्री और लोक जनशक्ति पार्टी (राम विलास) के अध्यक्ष चिराग पासवान ने एक बार फिर नीतीश कुमार के नाम पर सहमति जताई है। चिराग पासवान ने कहा कि एनडीए आगामी बिहार विधानसभा चुनाव नीतीश कुमार के नेतृत्व में ही लड़ रहा है। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार अभी हमारे एनडीए के ‘दूल्हा’ हैं। उन्होंने यह भी कहा कि विपक्षी ‘इंडिया’ गठबंधन (महागठबंधन) में चल रही ‘आंतरिक कलह’ ने बिहार में NDA को मजबूत किया है। हमारे सहयोगी टाइम्स ऑफ इंडिया को दिए एक विशेष इंटरव्यू में, चिराग पासवान ने कुछ निर्वाचन क्षेत्रों में ‘इंडिया’ गठबंधन के सहयोगियों के बीच ‘दोस्ताना मुकाबले’ की धारणा को खारिज कर दिया। मंगलवार को चिराग पासवान ने कहा कि ‘इंडिया’ गठबंधन में कई सीटों पर जो ‘फ्रेंडली फाइट’ कही जा रही है, वह असल में राहुल गांधी की अनुपस्थिति और सहमति की कमी का नतीजा है।

उन्होंने कहा, ‘लगता है राहुल गांधी लोकसभा चुनाव के दौरान आरजेडी से मिली सीटों की ‘हैरासमेंट’ का बदला ले रहे हैं।’ जब उनके व्यक्तिगत और राजनीतिक भविष्य के बारे में पूछा गया, तो चिराग ने कहा कि उनके पास व्यक्तिगत सवाल का कोई जवाब नहीं है, लेकिन 2030 तक बिहार की राजनीति में एक बड़ी भूमिका निभाने की उनकी सोच है। चिराग पासवान ने कहा कि वे 2030 तक बिहार की राजनीति में एक बड़ी भूमिका निभाने की सोच रहे हैं। उन्होंने कहा, ‘मैं 2025 के चुनाव पर फोकस कर रहा हूं। मैं इस बार चुनाव लड़ना चाहता था, लेकिन सीट बंटवारे में देरी के कारण फैसले पर समय नहीं मिल सका। फिलहाल नीतीश कुमार एनडीए के ‘दूल्हा’ हैं और हम अमित शाह जी के 160+ सीटों के लक्ष्य को हासिल करेंगे। हमारा मकसद 2025 में 225 सीटें जीतना है।’ वहीं नीतीश कुमार को लेकर पूछे गए सवाल पर चिराग पासवान ने कहा कि मुख्यमंत्री पर हमें पूरा विश्वास है। छठ के बाद हम एक साथ प्रचार करेंगे। लोजपा (रामविलास) अध्यक्ष आगे ने कहा कि ‘यह सच है कि हमारी पार्टी पहली बार JDU के साथ बिहार विधानसभा चुनाव लड़ रही है।

GNSU Admission Open 2026

लेकिन मेरी लड़ाई ‘बिहार फर्स्ट, बिहारी फर्स्ट’ के बड़े लक्ष्य के लिए है। मेरी नीतीश जी के खिलाफ कोई व्यक्तिगत दुर्भावना नहीं है, क्योंकि मैं उनके गुस्से को समझ सकता हूं, जो 2020 के चुनाव परिणामों के कारण स्वाभाविक था, जब मेरी पार्टी ने बिहार में 137 सीटों पर चुनाव लड़ा था।’ चिराग ने कहा कि 2020 में मेरे अकेले चुनाव लड़ने की वजह से जेडीयू की सीटें कम हो गईं। 2015 में JDU की 71 सीटों थीं, जो पिछले विधानसभा चुनाव में घटकर 43 सीटें हो गई। चिराग ने यह भी कहा कि उनकी पार्टी का कोई मौजूदा विधायक न होने के बावजूद, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने उनकी पार्टी को 243 में से 29 सीटें आवंटित कीं, जिसके लिए वह उनके आभारी हैं। चिराग पासवान ने बताया कि उन्होंने बीजेपी को कम से कम 100 सीटें और जेडीयू को उससे कम नहीं देने का सुझाव दिया था। उन्होंने कहा, ‘बाकी 43 सीटें एलजेपी (राम विलास), हम (सेक्युलर) और आरएलएम के बीच बांटी गईं। इसमें कोई विवाद नहीं था, बस सीटों के नाम तय करने में समय लगा। मुझे खुशी है कि कई सीटें मेरी पसंद की मिली हैं।’

GNSU Admission Open 2026