देव (औरंगाबाद): लोक आस्था के महापर्व छठ को लेकर विश्वप्रसिद्ध धार्मिक नगरी देव में तैयारियां तेज कर दी गई हैं। श्रद्धालुओं की सुविधा और सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए प्रशासनिक स्तर पर व्यवस्थाओं को दुरुस्त करने का काम शुरू हो गया है। इसी क्रम में सदर विधायक त्रिविक्रम नारायण सिंह ने भगवान सूर्य मंदिर से लेकर छठ घाट तक का निरीक्षण किया और संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।
निरीक्षण के दौरान विधायक ने घाटों की साफ-सफाई, पर्याप्त रोशनी, पेयजल, सुरक्षा व्यवस्था और श्रद्धालुओं के आवागमन से जुड़ी तैयारियों का जायजा लिया। उन्होंने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिया कि छठ व्रतियों और श्रद्धालुओं को पूजा के दौरान किसी तरह की परेशानी नहीं होनी चाहिए। सभी आवश्यक सुविधाएं समय रहते उपलब्ध कराई जाएं, ताकि श्रद्धालु शांतिपूर्ण और सुरक्षित माहौल में भगवान सूर्य को अर्घ्य दे सकें।
इस दौरान औरंगाबाद के जिलाधिकारी, नगर पंचायत के अधिकारी और कई जनप्रतिनिधि भी मौजूद रहे। विधायक ने सभी संबंधित विभागों को आपसी समन्वय बनाकर काम करने और पर्व शुरू होने से पहले सभी तैयारियां पूरी करने का निर्देश दिया। उन्होंने विशेष रूप से घाटों की स्वच्छता और सुरक्षा व्यवस्था पर ध्यान देने की बात कही।
गौरतलब है कि धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, देव को छठ पूजा की उत्पत्ति का प्रमुख स्थल माना जाता है। यहां कार्तिक और चैती छठ के अवसर पर देश के विभिन्न हिस्सों के अलावा विदेशों से भी लाखों श्रद्धालु पहुंचते हैं। भगवान सूर्य को समर्पित यहां का प्रसिद्ध सूर्य मंदिर श्रद्धालुओं की गहरी आस्था का केंद्र है। देव में आयोजित होने वाले छठ मेले को बिहार सरकार की ओर से राजकीय मेले का दर्जा भी प्राप्त है।
विश्वप्रसिद्ध देव छठ मेले में हर साल श्रद्धालुओं की भारी भीड़ को देखते हुए प्रशासन के सामने बेहतर व्यवस्था सुनिश्चित करना बड़ी चुनौती होती है। ऐसे में विधायक त्रिविक्रम नारायण सिंह द्वारा लगातार निरीक्षण कर तैयारियों की समीक्षा करना महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
फिलहाल, प्रशासन और जनप्रतिनिधि मिलकर मेले को व्यवस्थित, सुरक्षित और सुविधाजनक बनाने की दिशा में जुटे हैं।







