Statement of Agriculture Minister Shivraj Singh Chauhan, government's focus on farmers' income and subsidy.

केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने मंगलवार को संसद में कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में सरकार किसानों की आय को दोगुनी करने के लिए लगातार प्रयासरत है। उन्होंने स्पष्ट किया कि सरकार किसानों को मिलने वाली खाद सब्सिडी में कोई कमी नहीं होने देगी और उन्हें कम ब्याज दरों पर कर्ज उपलब्ध कराएगी।

किसानों की आय में उल्लेखनीय वृद्धि

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कृषि मंत्री चौहान ने समाजवादी पार्टी (सपा) के सांसद आनंद भदौरिया के सवाल का जवाब देते हुए कहा कि एनएसएस रिपोर्ट के अनुसार, वर्ष 2002-03 में किसानों की आय 2,015 रुपये प्रति माह थी, जो 2018-19 में बढ़कर 10,218 रुपये प्रति माह हो गई। उन्होंने बताया कि 2019 के बाद किसानों की आय का सर्वेक्षण अभी तक नहीं हुआ है, लेकिन यह सर्वे अगले वर्ष कराया जाएगा।
कृषि मंत्री ने विश्वास जताया कि 2019 के बाद किसानों की आय में तेजी से वृद्धि हुई है।

छह सूत्रीय कार्यक्रम से किसानों को लाभ

चौहान ने कहा कि सरकार किसानों की लागत घटाने और उत्पादन बढ़ाने के साथ-साथ उचित दाम सुनिश्चित करने के लिए छह सूत्रीय कार्यक्रम के तहत काम कर रही है। इन कार्यक्रमों में शामिल हैं:

  1. उत्पादन की लागत में कमी
  2. कृषि उत्पादन में वृद्धि
  3. न्यूनतम समर्थन मूल्य (एमएसपी) पर खरीद
  4. प्राकृतिक आपदा में राहत
  5. कृषि विविधीकरण
  6. जैविक और प्राकृतिक खेती को बढ़ावा

सब्सिडी और कर्ज में राहत

मंत्री ने सदन को आश्वस्त करते हुए कहा कि किसानों को मिलने वाली खाद सब्सिडी में कोई कटौती नहीं होगी। साथ ही, उन्हें कम ब्याज दरों पर कृषि ऋण उपलब्ध कराया जाएगा।

एमएसपी पर रिकॉर्ड खरीद का दावा

चौहान ने यह भी बताया कि सरकार ने न्यूनतम समर्थन मूल्य (एमएसपी) पर रिकॉर्ड स्तर की फसलों की खरीद की है। उदाहरण के तौर पर, उन्होंने दलहन का जिक्र करते हुए कहा कि पिछली यूपीए सरकार के कार्यकाल में केवल 6 लाख मीट्रिक टन दलहन की खरीद हुई थी, जबकि वर्तमान सरकार के कार्यकाल में यह आंकड़ा 1 करोड़ मीट्रिक टन से अधिक हो चुका है।