नयी दिल्ली: उत्तराखंड के हल्द्वानी में कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे की सभा के स्थल के कथित ‘शुद्धीकरण’ को लेकर कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने शनिवार को भारतीय जनता पार्टी (BJP) और राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) पर निशाना साधा। उन्होंने इस मामले में जिम्मेदार लोगों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कराने की मांग की और कहा कि कांग्रेस इस कार्रवाई को सुनिश्चित करने के लिए कदम उठाएगी।
राहुल गांधी ने कहा कि देश में इस समय दो विचारधाराओं के बीच संघर्ष है। एक ओर संविधान की विचारधारा है, जबकि दूसरी ओर भाजपा-आरएसएस की विचारधारा है। उन्होंने आरोप लगाया कि संविधान लागू होने के बावजूद दलितों के साथ भेदभाव और हिंसा की घटनाएं अब भी सामने आती हैं।
कांग्रेस नेता ने दावा किया कि कुछ स्कूलों में दलित बच्चों से शौचालय साफ कराने या झाड़ू लगवाने जैसी घटनाएं होती हैं। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि कई जगहों पर दलितों को सार्वजनिक कुओं से पानी लेने से रोका जाता है और चाय की दुकानों पर उनके साथ भेदभाव किया जाता है।
‘शुद्धीकरण’ मामले में FIR की मांग
राहुल गांधी ने हल्द्वानी में सभा स्थल के कथित ‘शुद्धीकरण’ में शामिल लोगों के खिलाफ कार्रवाई की मांग करते हुए कहा कि इस तरह की घटनाएं समानता और संवैधानिक अधिकारों के खिलाफ हैं। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को संबंधित अधिकारियों को प्राथमिकी दर्ज करने के निर्देश देने चाहिए।
उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि दलितों से जुड़े मामलों में संविधान और अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति (अत्याचार निवारण) अधिनियम के प्रावधानों का पालन होना चाहिए।
भाजपा-RSS पर लगाए गंभीर आरोप
राहुल गांधी ने कहा कि दलितों के साथ भेदभाव केवल सामाजिक समस्या नहीं, बल्कि कानून और संविधान से जुड़ा मुद्दा है। उन्होंने आरोप लगाया कि ऐसे मामलों में भाजपा और आरएसएस से जुड़े लोगों की भूमिका सामने आती रही है। हालांकि इन आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है।
राहुल गांधी ने दोहराया कि कांग्रेस संबंधित मामले में कानूनी कार्रवाई की मांग करती रहेगी और कथित घटना के जिम्मेदार लोगों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराने के लिए दबाव बनाएगी।







