ग्रेटर नोएडा। गौतम बुद्ध नगर में जारी औद्योगिक तनाव के बीच मजदूरों और प्रशासन के बीच बातचीत का दौर तेज हो गया है। मजदूरों की प्रमुख मांगों को लेकर देर रात तक बैठक चली, जिसमें वेतन बढ़ोतरी, साप्ताहिक अवकाश और बेहतर कामकाजी परिस्थितियों जैसे मुद्दों पर विस्तार से चर्चा की गई। सीएम योगी आदित्यनाथ के निर्देश पर गठित हाई-लेवल कमेटी इस पूरे मामले की निगरानी कर रही है। कमेटी में इंडस्ट्रियल डेवलपमेंट कमिश्नर के साथ MSME विभाग के अपर मुख्य सचिव, श्रम एवं रोजगार विभाग के प्रमुख सचिव और लेबर कमिश्नर शामिल हैं। इसके अलावा मजदूर यूनियनों और उद्योग संगठनों के प्रतिनिधियों को भी शामिल किया गया है, ताकि सभी पक्षों की बात सुनी जा सके। बैठक के दौरान विभिन्न फैक्ट्रियों के मजदूरों ने अपनी समस्याएं खुलकर रखीं। उनका कहना है कि वर्तमान में उन्हें 10 से 15 हजार रुपये मासिक वेतन मिलता है, जो बढ़ती महंगाई के हिसाब से अपर्याप्त है। मजदूरों ने वेतन बढ़ाकर 18 से 20 हजार रुपये करने की मांग की है।इसके साथ ही उन्होंने सप्ताह में एक दिन अनिवार्य अवकाश, ओवरटाइम के लिए दोगुना भुगतान और कार्यस्थल पर सम्मानजनक व्यवहार सुनिश्चित करने की भी मांग उठाई। मजदूरों का कहना है कि यह केवल आर्थिक मुद्दा नहीं, बल्कि सम्मान और बेहतर जीवन स्तर से जुड़ा सवाल है। प्रशासन और कमेटी ने मजदूरों की मांगों को गंभीरता से लेते हुए समाधान निकालने का आश्वासन दिया है। माना जा रहा है कि जल्द ही इस विवाद का कोई ठोस हल निकल सकता है, जिससे औद्योगिक क्षेत्र में सामान्य स्थिति बहाल हो सके।







