वाशिंगटन। केंद्रीय वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री पीयूष गोयल ने बुधवार को मिलवॉकी में जी20 व्यापार मंत्रिस्तरीय बैठक से इतर अमेरिका के व्यापार प्रतिनिधि जैमीसन ग्रीर से मुलाकात की। बैठक में भारत और अमेरिका के बीच प्रस्तावित व्यापार समझौते को लेकर चर्चा हुई। दोनों देशों के बीच संतुलित और पारस्परिक रूप से लाभकारी व्यापार समझौते की दिशा में जारी प्रयासों के तहत यह मुलाकात महत्वपूर्ण मानी जा रही है।
यह बैठक ऐसे समय हुई है, जब प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने फोन पर बातचीत कर द्विपक्षीय संबंधों की प्रगति की समीक्षा की। दोनों नेताओं के बीच व्यापार, रक्षा, ऊर्जा, महत्वपूर्ण प्रौद्योगिकियों और आपसी हित के अन्य क्षेत्रों में सहयोग को लेकर चर्चा हुई।
भारत और अमेरिका के बीच व्यापार समझौते को अंतिम रूप देने के लिए बातचीत जारी है। केंद्रीय मंत्री पीयूष गोयल ने 24 सितंबर को कहा था कि दोनों देशों के बीच व्यापार समझौता पूरी तरह तैयार है। हालांकि, इसे लागू करने से पहले भारत चाहता है कि अमेरिकी बाजार में भारतीय उत्पादों को प्रतिस्पर्धी देशों के मुकाबले उचित प्रतिस्पर्धात्मक लाभ मिले।
गोयल के अनुसार, भारत के प्रमुख प्रतिस्पर्धियों में दक्षिण-पूर्व एशियाई राष्ट्रों का संगठन (आसियान), चीन और बांग्लादेश शामिल हैं। भारत की कोशिश है कि प्रस्तावित समझौते के तहत भारतीय निर्यातकों को अमेरिकी बाजार में समान अवसर उपलब्ध हों और व्यापारिक प्रतिस्पर्धा संतुलित बनी रहे।
भारत और अमेरिका के बीच व्यापारिक संबंधों को मजबूत करने के लिए दोनों पक्ष विभिन्न मुद्दों पर बातचीत कर रहे हैं। प्रस्तावित समझौते का उद्देश्य द्विपक्षीय व्यापार को बढ़ावा देना और दोनों देशों के उद्योगों तथा निर्यातकों के लिए नए अवसर तैयार करना है।
जी20 व्यापार मंत्रिस्तरीय बैठक के दौरान गोयल और ग्रीर की मुलाकात को इसी व्यापक वार्ता प्रक्रिया का हिस्सा माना जा रहा है। हालांकि, बैठक में हुई विस्तृत चर्चा और समझौते को लागू करने की समयसीमा के संबंध में तत्काल कोई अतिरिक्त जानकारी सामने नहीं आई है।







