पंचकूला: हरियाणा के परिवहन मंत्री अनिल विज ने पैदल सेना दिवस के अवसर पर भारतीय सेना के जवानों को श्रद्धांजलि अर्पित की। उन्होंने श्रीनगर हवाई अड्डे पर पहली सिख रेजिमेंट के ऐतिहासिक आगमन को याद करते हुए इसे भारतीय सेना के साहस, समर्पण और वीरता का प्रतीक बताया।
पहली सिख रेजिमेंट के शौर्य को किया याद
अनिल विज ने सोशल मीडिया मंच ‘एक्स’ पर अपने संदेश में कहा कि भारतीय सेना की पहली सिख रेजिमेंट का श्रीनगर हवाई अड्डे पर उतरना देश के सैन्य इतिहास की एक महत्वपूर्ण घटना थी। इस कार्रवाई ने कश्मीर में पाकिस्तान समर्थित घुसपैठियों को पीछे खदेड़ने में अहम भूमिका निभाई थी।
उन्होंने कहा कि यह घटना भारतीय सैनिकों के अदम्य साहस और मातृभूमि की रक्षा के प्रति उनके संकल्प को दर्शाती है। सैनिकों ने चुनौतीपूर्ण परिस्थितियों में मोर्चा संभालकर इतिहास की दिशा बदलने में योगदान दिया।
कश्मीर की रक्षा में भारतीय सेना की अहम भूमिका
परिवहन मंत्री ने कहा कि देश के विभाजन के बाद पाकिस्तानी सेना के जवान कबायली लड़ाकों के वेश में कश्मीर में दाखिल हुए थे। उनका उद्देश्य क्षेत्र पर कब्जा करना था। ऐसे कठिन समय में भारतीय सेना ने तत्काल कार्रवाई करते हुए घुसपैठियों का मुकाबला किया और कश्मीर की रक्षा के लिए अभियान चलाया।
विज ने इस सैन्य कार्रवाई को भारतीय सेना की वीरता और कर्तव्यनिष्ठा का उल्लेखनीय उदाहरण बताया। उन्होंने कहा कि देश की सुरक्षा के लिए सैनिकों ने हमेशा दृढ़ संकल्प के साथ हर चुनौती का सामना किया है।
सैनिकों के बलिदान को किया नमन
अनिल विज ने कहा कि पैदल सेना दिवस भारतीय सेना के उन जवानों के योगदान को याद करने का अवसर है, जो देश की सीमाओं की रक्षा के लिए कठिन परिस्थितियों में भी डटे रहते हैं। अग्रिम मोर्चों पर तैनात सैनिकों का साहस, अनुशासन और समर्पण पूरे देश के लिए प्रेरणास्रोत है।
उन्होंने मातृभूमि की रक्षा करते हुए सर्वोच्च बलिदान देने वाले वीर सैनिकों को नमन किया और कहा कि राष्ट्र हमेशा उनके त्याग और सेवा का ऋणी रहेगा।







