अजमेर: राजस्थान के तीर्थराज पुष्कर स्थित पवित्र पुष्कर सरोवर में कार्तिक स्नान शुरू हो गया है। धार्मिक आस्था के इस विशेष अवसर पर बड़ी संख्या में श्रद्धालु सरोवर के घाटों पर पहुंचकर आस्था की डुबकी लगा रहे हैं। श्रद्धालु स्नान और पूजा-अर्चना के बाद सुख-समृद्धि की कामना कर भगवान ब्रह्मा का आशीर्वाद ले रहे हैं।
घाटों पर श्रद्धालुओं की भीड़
कार्तिक मास के आरंभ के साथ ही पुष्कर सरोवर में स्नान का विशेष धार्मिक महत्व है। पूर्णिमा के अवसर पर भी बड़ी संख्या में श्रद्धालु पवित्र सरोवर में स्नान कर रहे हैं। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, कार्तिक मास में तीर्थ स्नान और पूजा-अर्चना करने से पुण्य की प्राप्ति होती है। इसी आस्था के चलते स्थानीय लोगों के साथ दूर-दराज के क्षेत्रों से भी श्रद्धालु पुष्कर पहुंच रहे हैं।
सरोवर के विभिन्न घाटों पर श्रद्धालु स्नान के बाद पूजा-पाठ और धार्मिक अनुष्ठानों में भाग ले रहे हैं। पूरे क्षेत्र में भक्तिमय माहौल बना हुआ है। पुष्कर को भगवान ब्रह्मा की नगरी के रूप में भी जाना जाता है, इसलिए यहां कार्तिक मास के दौरान विशेष धार्मिक गतिविधियां होती हैं।
कार्तिक पूर्णिमा पर होगा महास्नान
कार्तिक मास का समापन कार्तिक पूर्णिमा के अवसर पर होने वाले महास्नान के साथ होगा। इस दौरान पुष्कर सरोवर में श्रद्धालुओं की संख्या और बढ़ने की संभावना है। कार्तिक मास के अंतिम पांच दिनों में ब्रह्म सरोवर में पंचतीर्थ स्नान का विशेष आयोजन भी होगा। इस धार्मिक परंपरा में शामिल होने के लिए बड़ी संख्या में श्रद्धालु तीर्थराज पुष्कर पहुंचते हैं।
पुष्कर मेले में भी जुटेंगे लाखों लोग
कार्तिक मास के दौरान आयोजित होने वाला अंतरराष्ट्रीय पुष्कर मेला भी आकर्षण का प्रमुख केंद्र रहेगा। मेले में देश-विदेश से पर्यटकों के साथ लाखों श्रद्धालुओं के पहुंचने की उम्मीद है। धार्मिक आयोजनों के अलावा पुष्कर की सांस्कृतिक परंपराएं और पर्यटन गतिविधियां भी लोगों को आकर्षित करती हैं।
कार्तिक स्नान, पंचतीर्थ स्नान और अंतरराष्ट्रीय पुष्कर मेले के चलते आने वाले दिनों में तीर्थराज पुष्कर में धार्मिक उत्साह और पर्यटकों की चहल-पहल बढ़ने की संभावना है।







