श्रीनगर: जम्मू-कश्मीर के मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने शनिवार को कहा कि उनके मंत्रिमंडल में फेरबदल और विस्तार अगले सप्ताह की शुरुआत में किया जाएगा। इसके लिए उन्होंने उपराज्यपाल मनोज सिन्हा से मुलाकात कर समय निर्धारित करने का अनुरोध किया है। मुख्यमंत्री के मुताबिक, मंत्रियों की सूची तैयार कर ली गई है और उसे नेशनल कॉन्फ्रेंस के अध्यक्ष फारूक अब्दुल्ला से विचार-विमर्श के बाद अंतिम रूप दिया गया है।
उपराज्यपाल से मांगा समय
मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने बताया कि उपराज्यपाल मनोज सिन्हा कुछ दिन पहले ही श्रीनगर लौटे हैं। मुलाकात के दौरान उन्होंने उपराज्यपाल का हालचाल भी पूछा, क्योंकि उनकी तबीयत ठीक नहीं है। इस बैठक में मंत्रिमंडल विस्तार समेत कई मुद्दों पर चर्चा हुई।
उमर अब्दुल्ला ने कहा कि उन्होंने उपराज्यपाल से अगले सप्ताह के शुरुआती दो से तीन दिनों में मंत्रिमंडल विस्तार के लिए समय तय करने का अनुरोध किया है। उन्होंने स्पष्ट किया कि समय निर्धारित होते ही विस्तार की प्रक्रिया आगे बढ़ाई जाएगी। मुख्यमंत्री ने यह भी संकेत दिया कि मंत्रिमंडल में कुछ बदलाव किए जाएंगे और मौजूदा मंत्रियों के बीच जिम्मेदारियों में फेरबदल संभव है।
मंत्रियों की सूची तैयार, पार्टी नेताओं से अपील
मुख्यमंत्री ने कहा कि मंत्रिमंडल में शामिल किए जाने वाले लोगों के नामों पर फैसला हो चुका है। सूची को फारूक अब्दुल्ला के साथ चर्चा के बाद अंतिम रूप दिया गया है। उन्होंने पार्टी के उन नेताओं और कार्यकर्ताओं से धैर्य रखने की अपील की, जो मंत्री पद की उम्मीद लगाए हुए हैं।
उमर अब्दुल्ला ने स्पष्ट किया कि मंत्रिमंडल में जगह पाने के लिए उन्हें या पार्टी के अन्य वरिष्ठ नेताओं को बार-बार संपर्क करने की जरूरत नहीं है। उन्होंने कहा कि चयन प्रक्रिया पर फैसला लिया जा चुका है और अब निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार आगे की कार्रवाई होगी।
व्हाट्सऐप संदेश और फोन कॉल से नाराजगी
मुख्यमंत्री ने मंत्री बनने के इच्छुक लोगों की ओर से लगातार मिल रहे संदेशों और पत्रों पर नाराजगी जताई। उन्होंने कहा कि उन्हें व्हाट्सऐप पर लंबे संदेश और पत्र भेजे जा रहे हैं, जबकि चयन की प्रक्रिया पहले ही पूरी की जा चुकी है।
उन्होंने इच्छुक नेताओं से अपील की कि वे उन्हें फोन करने, व्हाट्सऐप संदेश भेजने या व्यक्तिगत रूप से मिलने का प्रयास करने से बचें। मुख्यमंत्री के अनुसार, अगले दो से तीन दिनों में समय तय होने के बाद मंत्रिमंडल विस्तार की प्रक्रिया पूरी कर ली जाएगी।
इस संभावित फेरबदल पर जम्मू-कश्मीर की राजनीतिक गतिविधियों के बीच नजर बनी हुई है। हालांकि, नए मंत्रियों के नामों की आधिकारिक घोषणा विस्तार की प्रक्रिया पूरी होने के बाद ही स्पष्ट होगी।







