नई दिल्ली। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने जनगणना को देश का महत्वपूर्ण राष्ट्रीय दायित्व बताते हुए लोगों से इसमें सक्रिय भागीदारी की अपील की है। उन्होंने नागरिकों से आग्रह किया कि वे समय निकालकर मोबाइल फोन के माध्यम से अपनी और अपने परिवार की जानकारी ऑनलाइन दर्ज कराएं।
प्रधानमंत्री ने अपने मासिक रेडियो कार्यक्रम ‘मन की बात’ में कहा कि जनगणना हम सभी की जिम्मेदारी है। उन्होंने बताया कि ऑनलाइन प्रक्रिया को आसान बनाया गया है और लोग घर बैठे अपनी जानकारी दर्ज कर सकते हैं। यह सुविधा हिंदी समेत 16 भाषाओं में उपलब्ध है।
पीएम मोदी ने लोगों से se.census.gov.in पोर्टल पर जाकर जानकारी भरने का आग्रह किया। उन्होंने कहा कि पूरी प्रक्रिया में लगभग 15 से 20 मिनट का समय लगता है। ऑनलाइन जानकारी दर्ज कराने के लिए किसी दस्तावेज को अपलोड करने की आवश्यकता नहीं है।
उन्होंने बताया कि जानकारी सफलतापूर्वक दर्ज करने के बाद नागरिकों को एक विशेष आईडी मिलेगी। गणनाकर्मी के घर पहुंचने पर उन्हें यह आईडी बतानी होगी।
प्रधानमंत्री के अनुसार, अब तक दो करोड़ 60 लाख से अधिक लोगों ने मोबाइल के माध्यम से जनगणना पोर्टल पर अपनी जानकारी दर्ज कराई है। उन्होंने कहा कि जनगणना देश के भविष्य की सही तस्वीर तैयार करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है।
पीएम मोदी ने बताया कि सभी राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में जनगणना का पहला चरण लगभग पूरा हो चुका है और अब तक 32 करोड़ से अधिक परिवारों की जानकारी दर्ज की जा चुकी है।
उन्होंने उत्तराखंड में जनगणना की शुरुआत चमोली जिले के माणा गांव से होने का भी उल्लेख किया। देश के पहले गांव के रूप में चर्चित माणा में सबसे पहले 83 वर्षीय पूर्णिमा रावत की जानकारी दर्ज की गई।







