नयी दिल्ली: हिमाचल प्रदेश ने शिक्षा के क्षेत्र में महत्वपूर्ण उपलब्धि हासिल करते हुए 99.55 प्रतिशत साक्षरता दर दर्ज की है। अंतरराष्ट्रीय साक्षरता दिवस के अवसर पर राज्य को शैक्षणिक क्षेत्र में बेहतर प्रदर्शन के लिए राष्ट्रीय सम्मान से नवाजा गया।
राज्य के शिक्षा मंत्री रोहित ठाकुर ने नई दिल्ली में यह सम्मान प्राप्त किया। उन्होंने इस उपलब्धि का श्रेय शिक्षकों, विद्यार्थियों और शिक्षा विभाग से जुड़े अधिकारियों की मेहनत को दिया। हिमाचल प्रदेश अब देश में साक्षरता के मामले में गोवा के बाद दूसरे स्थान पर है। गोवा की साक्षरता दर 99.7 प्रतिशत बताई गई है।
यह उपलब्धि केंद्र सरकार के ULLAS (Understanding of Lifelong Learning for All in Society) कार्यक्रम के तहत हासिल की गई प्रगति को भी दर्शाती है। यह कार्यक्रम 15 वर्ष और उससे अधिक आयु के गैर-साक्षर लोगों को बुनियादी शिक्षा और कार्यात्मक साक्षरता उपलब्ध कराने के उद्देश्य से चलाया जा रहा है।








