कैमूर: कैमूर के मोहनिया में एक नवविवाहिता न्याय और अपने वैवाहिक अधिकार की मांग को लेकर ससुराल के मुख्य दरवाजे के बाहर धरने पर बैठ गई। महिला का आरोप है कि शादी के कुछ महीने बाद मायके आने के बाद ससुराल पक्ष ने उसे वापस बुलाने की पहल नहीं की और बातचीत भी बंद कर दी। परिजनों के साथ ससुराल पहुंचने पर कथित तौर पर घर का दरवाजा भी बंद कर दिया गया।
मामला मोहनिया के शिवपुर कॉलोनी, वार्ड नंबर-13 का है। यहां नवविवाहिता निधि सिंह अपने परिजनों के साथ ससुराल के बाहर बैठी हुई है। वह ससुराल पक्ष से उसे सम्मान के साथ घर में रखने की मांग कर रही है।
निधि के पिता भभुआ निवासी मनोज सिंह के अनुसार, उनकी बेटी की शादी 7 मार्च 2025 को मोहनिया के अकोढ़ी निवासी नथुनी सिंह के बेटे आलोक कुमार सिंह के साथ हिंदू रीति-रिवाज से हुई थी। परिजनों के मुताबिक, आलोक सिरहिरा स्कूल में शिक्षक के पद पर कार्यरत हैं।
परिजनों का दावा है कि शादी में करीब 40 लाख रुपये खर्च किए गए थे। शादी के बाद निधि लगभग चार महीने तक ससुराल में रही। इसके बाद वह मायके आई, लेकिन आरोप है कि ससुराल पक्ष ने उसे दोबारा बुलाने के बजाय उससे बातचीत भी बंद कर दी।
काफी समय बीतने के बाद निधि अपने परिजनों के साथ ससुराल पहुंची। परिजनों का आरोप है कि वहां पहुंचने के बाद घर का मुख्य दरवाजा बंद कर दिया गया। इसके बाद निधि ने ससुराल के दरवाजे पर ही धरना शुरू कर दिया और अपने पति के घर में सम्मान के साथ रहने की मांग करने लगी।
फिलहाल मायके पक्ष पुलिस या कानूनी कार्रवाई के बजाय मामले का पारिवारिक समाधान चाहता है। परिजनों का कहना है कि उनकी मांग सिर्फ इतनी है कि उनकी बेटी को ससुराल में स्वीकार किया जाए और उसे सम्मान के साथ वैवाहिक जीवन जीने का अवसर मिले।
मामले में ससुराल पक्ष का पक्ष सामने आने के बाद तस्वीर और स्पष्ट हो सकेगी।








