काहिरा: यमन में सरकार समर्थक बलों और हूती विद्रोहियों के बीच संघर्ष एक बार फिर तेज हो गया है। दक्षिण-पश्चिमी यमन में पिछले कुछ दिनों के दौरान हुई भीषण झड़पों में दोनों पक्षों के 100 से अधिक लड़ाकों के मारे जाने या घायल होने की खबर है। एक सैन्य सूत्र ने रविवार को यह जानकारी दी।
सूत्र के मुताबिक, पिछले 24 घंटों में दोनों पक्षों के 81 सैनिक मारे गए या घायल हुए हैं। वहीं, पिछले दो दिनों में हताहतों की कुल संख्या करीब 100 तक पहुंच गई है।
सैन्य सूत्र ने बताया कि अंतरराष्ट्रीय स्तर पर मान्यता प्राप्त यमनी सरकार की सेना को लाल सागर के प्रमुख शहर होदेइदाह के दक्षिण-पूर्वी क्षेत्र में महत्वपूर्ण बढ़त मिली है। सेना ने हेस जिले की प्रशासनिक सीमा के नजदीक कई महत्वपूर्ण स्थानों पर नियंत्रण स्थापित किया है।
बताया गया है कि रणनीतिक रूप से महत्वपूर्ण डब्बास पहाड़ी क्षेत्र, साकम जंक्शन और वाडी नखला घाटी पर नियंत्रण हासिल करने के बाद सरकारी बलों की स्थिति मजबूत हुई। सेना ने इन क्षेत्रों में कई सैन्य ठिकानों और अन्य महत्वपूर्ण स्थानों पर भी कब्जा किया है।
इस सप्ताह यमन के ताइज़ और होदेइदाह प्रांतों में संघर्ष और तेज हुआ है। सूत्रों के अनुसार, हूती लड़ाकों ने कई बार सरकारी बलों के ठिकानों पर हमला करने का प्रयास किया, लेकिन सेना ने हमलों को पीछे धकेलते हुए कुछ ऐसे इलाकों पर दोबारा नियंत्रण स्थापित किया, जो लंबे समय से हूती के कब्जे में थे।
यमन में जारी इस संघर्ष से लाल सागर के आसपास सुरक्षा स्थिति को लेकर भी चिंता बढ़ी है। दोनों पक्षों के बीच बढ़ती सैन्य गतिविधियों के बीच आने वाले दिनों में क्षेत्र में तनाव और बढ़ने की आशंका बनी हुई है।








