
पटना: विकासशील इंसान पार्टी (वीआईपी) के राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं बिहार सरकार के पूर्व मंत्री मुकेश सहनी ने राज्य सरकार और केंद्र सरकार पर एक साथ तीखा हमला बोला। पटना में पत्रकारों से बातचीत के दौरान उन्होंने बिहार में प्रस्तावित 100 फास्ट ट्रैक कोर्ट, सड़क टैक्स, उत्तर प्रदेश की राजनीतिक स्थिति, लालू प्रसाद यादव व राबड़ी देवी की सुरक्षा और भाजपा विधायक राजू सिंह को हुई सजा समेत कई मुद्दों पर अपनी प्रतिक्रिया दी। बिहार सरकार द्वारा 100 फास्ट ट्रैक कोर्ट स्थापित करने की घोषणा पर सवाल उठाते हुए सहनी ने कहा कि यदि अब फास्ट ट्रैक कोर्ट बनाए जा रहे हैं तो इसका सीधा मतलब है कि पिछले 20 वर्षों में सरकार इस दिशा में विफल रही है। उन्होंने कहा कि सरकार अब उन योजनाओं की घोषणा कर रही है, जिन्हें बहुत पहले लागू हो जाना चाहिए था।
सरकार को नई घोषणाएं करने के बजाय पहले अपने पुराने वादों को पूरा करना चाहिए। सड़क उपयोग पर टैक्स लगाए जाने के मुद्दे पर भी उन्होंने सरकार पर तंज कसते हुए कहा कि सरकार लगातार लोगों पर आर्थिक बोझ बढ़ा रही है। उन्होंने व्यंग्य करते हुए कहा कि आने वाले दिनों में कपड़े पहनने और यहां तक कि सांस लेने पर भी टैक्स लगा दिया जाएगा। उन्होंने कहा कि सरकार जनता को राहत देने के बजाय नए-नए तरीके से टैक्स लगाने में लगी हुई है। उत्तर प्रदेश में विपक्षी नेताओं को नजरबंद किए जाने के सवाल पर मुकेश सहनी ने कहा कि वहां अघोषित इमरजेंसी जैसी स्थिति है।
उन्होंने आरोप लगाया कि लोकतांत्रिक अधिकारों का हनन किया जा रहा है। हालांकि उन्होंने विश्वास जताया कि आगामी चुनाव में जनता इसका जवाब मतदान के जरिए देगी। लालू प्रसाद यादव और पूर्व मुख्यमंत्री राबड़ी देवी को दोबारा सुरक्षा दिए जाने के फैसले पर उन्होंने कहा कि सरकार पहले सुरक्षा वापस लेती है और फिर उसे बहाल कर देती है। उनके अनुसार यह सरकार की अस्थिर कार्यशैली को दर्शाता है। उन्होंने कहा कि सरकार को सुरक्षा जैसे मुद्दों पर राजनीति करने के बजाय बिहार की कानून-व्यवस्था सुधारने, महिलाओं से किए गए वादे पूरे करने और रोजगार योजनाओं पर ध्यान देना चाहिए।.भाजपा के मुजफ्फरपुर जिले के साहेबगंज से विधायक राजू सिंह को अदालत द्वारा चार वर्ष की सजा सुनाए जाने पर मुकेश सहनी ने कहा कि ऐसे मामलों में सजा और कड़ी होनी चाहिए।
उन्होंने कहा कि उनके अनुसार ऐसे लोगों को कम से कम 14 वर्ष की सजा मिलनी चाहिए। हालांकि उन्होंने यह भी कहा कि उन्हें न्यायपालिका पर पूरा भरोसा है और अदालत के फैसले का सम्मान किया जाना चाहिए। पत्रकारों से बातचीत के दौरान सहनी ने आरोप लगाया कि मौजूदा सरकार जनता के मूल मुद्दों से ध्यान भटकाने का प्रयास कर रही है, जबकि महंगाई, बेरोजगारी, कानून-व्यवस्था और महिलाओं से जुड़े वादों जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर गंभीरता से काम करने की जरूरत है। उन्होंने कहा कि जनता अब सरकार के दावों और वास्तविक स्थिति के बीच का अंतर समझ चुकी है और आने वाले समय में इसका जवाब लोकतांत्रिक तरीके से देगी।






