सासाराम(रोहतास)। बिहार विधान परिषद सभापति अवधेश नारायण सिंह रविवार को सासाराम पहुंचे। इस दौरान उन्होंने अतिथि गृह में आयोजित प्रेस मीट में राष्ट्रीय एकता, राज्य के नेतृत्व और तकनीकी सुधारों को लेकर महत्वपूर्ण बातें कहीं। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर देश को पूरा भरोसा है और भारत की परंपरा रही है कि विकट परिस्थितियों में देश एकजुट हो जाता है। अटल बिहारी वाजपेयी जब उनके नेता थे औऱ सरकार कांग्रेस की थी उस समय का उदाहरण देते हुए कहा कि बांग्लादेश युद्ध के समय भी देश ने एकजुटता दिखाई थी और नेतृत्व को सर्वोपरि माना गया था। उन्होंने कहा कि आज भी वही परंपरा कायम है और देश एकजुट होकर आगे बढ़ रहा है। संकट की स्थिति पर उन्होंने कहा कि फिलहाल इसका विशेष प्रभाव नहीं है, लेकिन सतर्क रहना जरूरी है और आवश्यकता पड़ने पर कुछ कटौती भी करनी चाहिए। वही बिहार की राजनीति पर बोलते हुए उन्होंने मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के नेतृत्व की सराहना की। उन्होंने कहा कि उनके नेतृत्व में राज्य को मजबूत नींव मिली है, जिस पर वर्तमान विकास टिका हुआ है और भविष्य भी इसी आधार पर बेहतर होगा।
नेतृत्व परिवर्तन के सवाल पर उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री के संभावित जाने की चर्चा से लोगों में भावनात्मक जुड़ाव और दुख स्वाभाविक है। हालांकि उन्होंने स्पष्ट किया कि नए मुख्यमंत्री का चयन शीर्ष नेतृत्व का विषय हैसभापति ने अपने दायित्व का जिक्र करते हुए कहा कि सदन की कुर्सी पर रहते हुए उनके लिए पक्ष और विपक्ष दोनों समान होते हैं और सभी को बराबर अवसर दिया जाता है। विधान परिषद को अधिक प्रभावी और जन-केंद्रित बनाने के सवाल पर उन्होंने कहा कि आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस जैसी नई तकनीकों के उपयोग को लेकर टेक्निकल एक्सपर्ट्स की टीम बुलाई गई है और इस पर जल्द ही विस्तृत चर्चा की जाएगी।







