पटना: नीट छात्रा मर्डर केस अब बिहार की सियासत का बड़ा मुद्दा बन चुका है। यह मामला सड़क से लेकर संसद तक गूंज रहा है। सोमवार को संसद परिसर और बिहार विधानसभा में राष्ट्रीय जनता दल (RJD) के सांसदों और विधायकों ने इस घटना को लेकर एनडीए सरकार पर तीखा हमला बोला। लोकसभा के बाहर राजद सांसद हाथों में बैनर-पोस्टर लेकर प्रदर्शन करते नजर आए और केंद्र व राज्य सरकार पर न्याय में देरी का आरोप लगाया।
राजद सांसदों का कहना है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की सरकार जनता को गुमराह कर रही है। उनका आरोप है कि बिहार में बेटियां सुरक्षित नहीं हैं और अपराधियों को राजनीतिक संरक्षण मिल रहा है। सांसदों ने दावा किया कि नीट छात्रा की हत्या के मामले में अब तक कोई ठोस खुलासा नहीं हो सका है और सरकार खुद को बचाने के लिए जांच सीबीआई को सौंप रही है। राजद सांसद मीसा भारती ने कहा कि उनकी पार्टी छात्रा को न्याय दिलाने तक संघर्ष जारी रखेगी। उन्होंने सवाल उठाया कि सरकार महिलाओं के प्रति इतनी असंवेदनशील क्यों है और इसका जवाब जनता को दिया जाना चाहिए।
वहीं, बिहार विधानसभा परिसर में भी राजद विधायकों ने सरकार के खिलाफ जमकर नाराजगी जाहिर की। राजद विधायक भाई वीरेंद्र ने कहा कि बजट सत्र की शुरुआत हो चुकी है और 3 फरवरी से प्रश्नकाल शुरू होगा, जिसमें सरकार की हर गलत नीति का विरोध किया जाएगा। उन्होंने आरोप लगाया कि नीट छात्रा मर्डर केस में नीतीश सरकार असमंजस की स्थिति में है और जानबूझकर कार्रवाई से बच रही है। उनका दावा है कि इस मामले में एनडीए के बड़े नेताओं के परिवारों के नाम सामने आ रहे हैं, इसी वजह से न तो सच्चाई उजागर की जा रही है और न ही दोषियों पर सख्त कार्रवाई हो रही है।
भाई वीरेंद्र ने राज्यपाल के अभिभाषण पर भी तंज कसते हुए कहा कि राज्यपाल वही पढ़ते हैं, जो सरकार उन्हें लिखकर देती है। राजद नेताओं ने साफ किया कि वे जनता और खासकर महिलाओं की सुरक्षा से जुड़े मुद्दों को सदन से लेकर सड़क तक पूरी मजबूती से उठाते रहेंगे और सरकार को जवाबदेह बनाएंगे।







