पटना: राजधानी में शुक्रवार और शनिवार के दोपहर में हुए मूसलधार वर्षा से शहर की अधिसंख्य सड़कों पर जलभराव हो गया। लगभग दो घंटे तक हुई जोरदार वर्षा से मुख्य सड़कों से लेकर मोहल्लों तक पानी भर गया, जिससे लोगों की आवाजाही बाधित हो गई। गांधी मैदान, अशोक राजपथ, कदमकुआं, कंकड़बाग, पाटलिपुत्र कालोनी और राजेन्द्र नगर जैसे घनी आबादी वाले इलाकों में जगह-जगह सड़कें डूब गईं। कई जगहों पर नालों का पानी उफनकर सड़क पर आ गया। ऑटो और बाइक सवारों को घंटों जाम में फंसे रहना पड़ा।
जलभराव के कारण कई वाहन बीच रास्ते में ही खराब हो गए। पाटलिपुत्र गोलंबर, बोरिंग रोड और कंकड़बाग जैसे व्यस्त इलाकों में कई जगहों पर पानी का स्तर घुटनों से ऊपर तक पहुंच गया, जिससे स्थानीय दुकानदारों को भी नुकसान उठाना पड़ा। कई दुकानों और मकानों के भीतर पानी घुस गया। वर्षा शुरू होते ही नगर निगम और बुडको की टीम जलनिकासी में जुट गई। संप हाउस से युद्धस्तर पर पानी निकाला जाने लगा। पटना नगर निगम का दावा है कि बारिश शुरू होने के बाद से पंपिंग स्टेशनों को सक्रिय कर पानी निकासी का कार्य तेजी से चल रहा है। राजधानी में शुक्रवार को वर्षा के दौरान नगर निगम और बुडको की टीम सक्रिय हो गई। स्थाई और अस्थाई डीपीएस के अलावा अतिरिक्त पंपों से जलनिकासी कराई जा रही है।
नगर आयुक्त अनिमेष कुमार पराशर ने बताया कि शहर के अधिसंख्य इलाकों से कम से कम समय में जलनिकासी कराई गई है। तेज बरसात के बीच भी पदाधिकारियों एवं क्यूआरटी ने शहर के विभिन्न इलाकों का भ्रमण कर जलनिकासी सुनिश्चित कराई। नगर निगम की टीम ने विधानसभा, राजेंद्र नगर, मीठापुर, पटना सिटी, सब्जीबाग, बारी पथ, करबिगहिया, द्वारिकापुरी, बाईपास, दीघा, खेतान मार्केट, गांधी मैदान, एयरपोर्ट, बोर्ड कालोनी सहित कई निचले इलाकों में कुछ घंटे में ही जलनिकासी में सफलता हासिल की है। प्रदेश में दक्षिण पश्चिम मानसून का प्रभाव राजधानी सहित प्रदेश के अधिसंख्य भागों में देखने को मिला। शुक्रवार को राजधानी में काले बादल छाए रहने व मेघ गर्जन के साथ सुबह से लेकर शाम तक रुक-रुक कर होने वाली वर्षा से मौसम सामान्य बने होने के साथ लोगों को उमस भरी गर्मी से राहत मिली।
शुक्रवार को राजधानी में भारी वर्षा की चेतावनी को लेकर रेड अलर्ट भी जारी किया गया था। भारी वर्षा के कारण शहर के अधिसंख्य मोहल्लों में जलजमाव की स्थिति बनी रही। शुक्रवार को पटना में सीजन की सर्वाधिक वर्षा 40.6 मिमी वर्षा दर्ज की गई। मौसम विज्ञान केंद्र पटना के अनुसार हवा का चक्रवातीय परिसंचरण उत्तर-पश्चिम उत्तरप्रदेश और आसपास के क्षेत्रों में बना हुआ है। शनिवार को पटना सहित अधिसंख्य भागों में बादल छाए रहने के साथ कुछ स्थानों पर मेघ गर्जन के साथ हल्की वर्षा की संभावना है। जबकि, छह जिलों सुपौल, अररिया, खगड़िया, बेगूसराय, लखीसराय एवं किशनगंज जिले में भारी वर्षा की चेतावनी है। पांच दिनों के दौरान तापमान में विशेष परिवर्तन की संभावना नहीं है। बीते 24 घंटों के दौरान प्रदेश के अलग-अलग भागों में वर्षा दर्ज की गई।







