सीवान: सीवान मंडल कारा में एक कैदी की संदिग्ध हालात में मौत हो गई है। मृतक की पहचान मोहद्दीपुर निवासी सैफ अनवर उर्फ बिहारी बाबू के रूप में हुई है, जो हाल ही में 31 जुलाई को जेल में बंद किया गया था। शनिवार को उसकी अचानक फांसी लगाकर मौत हो गई, जिसके बाद पूरे मामले को लेकर हड़कंप मच गया है। परिजनों ने आरोप लगाया है कि जेल प्रशासन ने सैफ अनवर को फांसी लगाकर मार डाला है। उन्हें जैसे ही घटना की सूचना मिली, वे सदर अस्पताल पहुंचे, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
परिजनों ने यह भी गंभीर आरोप लगाए हैं कि अस्पताल में समय पर इलाज नहीं किया गया। उनका कहना है कि कैदी को लाने के बाद लगभग आधा से एक घंटे तक कोई डॉक्टर मौजूद नहीं था, जिसकी वजह से उसकी जान नहीं बचाई जा सकी। कैदी की मौत की खबर फैलते ही परिजनों और स्थानीय लोगों में भारी आक्रोश फैल गया। गुस्साए परिजनों ने शव को सड़क पर रखकर सीवान सदर अस्पताल के सामने सड़क जाम कर दिया। स्थिति को नियंत्रित करने के लिए पुलिस और प्रशासन को मौके पर पहुंचना पड़ा। काफी मान-मनौवल और समझाने-बुझाने के बाद सड़क से जाम हटाया गया।
इस पूरे मामले पर सीवान मंडल कारा अधीक्षक देवाशीष कुमार ने सफाई देते हुए कहा कि मृतक कैदी 31 जुलाई को जेल में आया था और उसे पहले से ही कुछ बीमारी थी, जिसका इलाज भी कराया जा रहा था। उन्होंने बताया, “आज उसने फांसी लगाने की कोशिश की थी। जैसे ही यह घटना हुई, जेल में हंगामा मच गया और उसे तुरंत इलाज के लिए सदर अस्पताल भेजा गया, लेकिन वहां उसकी मौत हो गई।” अधीक्षक ने आगे कहा कि पूरे मामले की जांच की जा रही है कि इस घटना में कौन-कौन लोग शामिल थे और यदि कोई दोषी पाया जाता है तो उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।







