छपरा: ‘मैं तो उसी राज से आता हूं। एक राज्य का मुख्यमंत्री जेल चला जाता है। और अपनी पत्नी को कुर्सी पर बैठा लेता है। ये लोकतंत्र की परिभाषा है। मैं तो एक ऐसा व्यक्ति हूं अध्यक्ष महोदय। दुनिया में कहीं नहीं होगा, इस पार्लियामेंट में तो कतई नहीं होगा। एक ऐसा व्यक्ति, जो एक खानदान के सभी लोगों से चुनाव लड़ गया हो। जिसमें से दो- दो राज्य के मुख्यमंत्री हों। मैं नाम नहीं लेना चाहूंगा। ये तो गिनीज बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्ड में चला जाए। मैं एक ही घर के सब लोगों से चुनाव लड़ गया हूं। एकाध लोग बचे हैं। शायद पार्टी अनुमति देगी, तो अगली बार चुनाव लड़के उनसे भी जीत लूंगा।’ उपरोक्त बयान बीजेपी सांसद राजीव प्रताप रूडी ने लोकसभा में दिया है। उन्होंने अध्यक्ष के सामने अपनी बात को रखते हुए खुद को पार्लियामेंट का एक ऐसा इकलौता सदस्य घोषित किया, जिसने दो- दो मुख्यमंत्रियों और उनकी बेटी से चुनाव में फाइट किया। राजीव प्रताप रूडी ने लोकसभा में दिए गए अपने बयान को एक्स पर पोस्ट करते हुए लिखा है कि लोकतंत्र की यात्रा में मेरे सारण (छपरा) ने बहुत संघर्ष देखा है।
एक ही परिवार के दो मुख्यमंत्रियों और लगभग परिवार के सभी सदस्यों से चुनावी मुकाबला, यह अनुभव शायद विश्व रिकॉर्ड हो। रूडी के इस बयान पर नेटिजन्स की खूब प्रतिक्रिया मिल रही है। एक्स पर आई प्रतिक्रिया की बात करेंगे, उससे पहले आपको ये बता दें कि अगस्त 2025 में मीडिया को दिए एक बयान में राजीव प्रताप रूडी ने कहा था कि उन्होंने 1990 से लालू परिवार के खिलाफ सियासी जंग शुरू कर दी थी। उनके मुताबिक उन्होंने लालू यादव, उनकी पत्नी राबड़ी देवी, समधी चंद्रिका राय और उनकी बेटी रोहिणी आचार्य को चुनावी मैदान में हराया। रूड़ी ने ये भी कहा था कि अब मुझे नहीं पता कि लालू परिवार में कौन बचा है, जिसे मुझे हराना है। राजीव प्रताप रूडी के इस पोस्ट पर प्रतिक्रिया देते हुए अरविंद सिंह नाम के यूजर ने लिखा है कि बोल ही देते, चारा चोर और उसके परिवार से जीतते आ रहे हैं। उसके बाद शशि नाम के एक यूजर ने लिखा है कि माननीय सांसद जी कितनी ही शर्म की बात है ना पटना थावे के लिए आप लोग तो आवाज नहीं उठा सकते हैं तो किसी बाहरी ने तो आवाज उठाया। आप की जिम्मेदारी बनती है कि आप इस के लिए आवाज उठाए सदन में।
छपरा से पटना के लिए मेमो ओर पैसेंजर ट्रेन चलवाएं। उसके बाद इस पोस्ट पर डॉ. सुमन कुमार लिखते हैं कि जो बात जगजाहिर है,उसमें नाम लेने से कैसा परहेज? आप लालू फैमिली की बात कर रहे हैं। संयोग से आप पायलट भी हैं तो इंडिगो संकट पर सदन नहीं तो सदन के बाहर भी आपका बयान आना चाहिए। शायद आप पूर्व में सिविल एविएशन के मंत्री भी रह चुके हैं। एक यूजर ने लिखा है कि महाशय, विनम्र निवेदन आपसे बिहार के लाखों सीट को गलत तरीके से बाहर वाले को दिया गया है। बिहार के सारण जिले से लोकसभा सांसद राजीव प्रताप रूडी केंद्र सरकार में कौशल विकास राज्य मंत्री स्वतंत्र प्रभार रह चुके हैं। वे बिहार से राज्यसभा के सांसद भी चुने जा चुके हैं। वे बीजेपी के राष्ट्रीय प्रवक्ता हैं। वे यूएस फेडरल एविएशन एडमिनिस्ट्रेशन अनुमोदित मियामी, फअलोरिडा के सिमसेंटर से ए- 320 विमान उड़ाने वाले लाइसेंसधारक पायलट हैं। वे सक्रिय रूप से पूर्व प्रधानमंत्री चंद्रशेखर से भी जुड़े रहे हैं। 1990 में महज छब्बीस साल की उम्र में वे विधायक चुने गए थे। राजनीतिक जीवन छात्र नेता के रूप में शुरू की। 1996 में वे बिहार के छपरा से बीजेपी के प्रतिनिधि के रूप में संसद के लिए निर्वाचित हुए। 1999 में वे दोबारा चुने गए। अटल बिहारी वाजपेयी की सरकार में वाणिज्य एवं उद्योग राज्यमंत्री बने। बाद में उन्हें स्वतंत्र प्रभार के साथ नागरिक उड्डयन मंत्री भी बना दिया गया।







