पटना।। बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की तरफ से जनता दल यूनाइटेड (जदयू) में प्रवेश के लिए हरी झंडी मिलने के बाद उनके पुत्र निशांत कुमार की राजनीतिक सक्रियता बढ़ गयी है और शनिवार को वह पार्टी के कार्यकारी राष्ट्रीय अध्यक्ष संजय झा के आवास पर आयोजित एक महत्वपूर्ण बैठक में शामिल हुए। इस निर्णय के बाद निशांत कुमार ने पार्टी की औपचारिक सदस्यता लेने से पहले ही प्रमुख नेताओं से मुलाकात के साथ राजनीतिक चर्चाओं में भाग लेना शुरू कर दिया है।
इसी क्रम में उन्होंने आज श्री झा के पटना आवास पर आयोजित जदयू के वरिष्ठ नेताओं की बैठक में भाग लिया। बैठक में पार्टी के मंत्री, सांसद और कई विधायक मौजूद थे। सूत्रों के अनुसार, इस बैठक में पार्टी के 20 से अधिक वरिष्ठ नेताओं ने हिस्सा लिया। इस दौरान निशांत कुमार ने नेताओं के साथ पार्टी को मजबूत करने की भविष्य की योजनाओं और रणनीतियों पर चर्चा की। इस बैठक में युवा विधायकों के साथ-साथ पार्टी के अनुभवी नेता भी शामिल थे। इस बैठक में मंत्री श्रवण कुमार, जदयू के विधान पार्षद संजय गांधी तथा विधायक कोमल सिंह, चेतन आनंद, राहुल सिंह, अतिरेक कुमार, ललन सर्राफ, रुजेल रंजन, शुभनन्द मुकेश, एम.मृणालऔर समृद्ध वर्मा मौजूद थे।
बैठक के बाद श्रवण कुमार ने कहा कि पार्टी को निशांत कुमार की भागीदारी की आवश्यकता है और यह एक औपचारिक बैठक नहीं बल्कि आपसी विमर्श था। उन्होंने कहा कि विधायकों ने निशांत से मुलाकात कर आने वाले दिनों में संगठन को मजबूत करने में उनकी संभावित भूमिका पर चर्चा की। उन्होंने यह भी कहा कि जदयू के नेता और कार्यकर्ता लंबे समय से निशांत के राजनीति में आने का इंतजार कर रहे थे और मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने भी उनके पार्टी में शामिल होने पर सहमति दे दी है। पार्टी सूत्रों ने बताया कि निशांत कुमार ने वरिष्ठ नेताओं के साथ पार्टी को आगे बढ़ाने की रणनीतियों पर चर्चा की। साथ ही उन्होंने युवा विधायकों के साथ बिहार में विकास कार्यों और पार्टी में युवाओं की भागीदारी बढ़ाने के तरीकों पर भी बातचीत की।







