
पटना। बिहार के स्वास्थ मंत्री मंगल पांडेय ने शुक्रवार को विधानसभा में कहा कि पटना मेडिकल कॉलेज और अस्पताल (पीएमसीएच) के नवनिर्मित भवन में एमआरआई और सिटी स्कैन की सुविधा शीघ्र शुरू की जाएगी। मंत्री श्री पांडेय ने जनता दल यूनाइटेड (जदयू) के विधायक मंजीत सिंह के अल्पसूचित सवाल का जवाब देते हुए कहा कि पीएमसीएच के नव निर्मित भवन में एमआरआई और सिटी स्कैन जैसी सुविधाओं के लिए मशीन लगा दी गयी है। उन्होंने कहा कि सिटी स्कैन जांच की शुरुआत के लिए एटॉमिक एनर्जी रेगुलेटरी बोर्ड से अनुमति की आवश्यकता होती है।
उन्होंने कहा कि बोर्ड के पास सरकार का आवेदन लंबित है और जैसे ही वहां से विभिन्न प्रकियाओं के पूरे होने के बाद अनुमति मिलेगी, इस सुविधा का शुभारंभ कर दिया जाएगा।
मंत्री ने एमआरआई और सीटी स्कैन मशीनों पर काम करने वाले तकनीशियनों की नियुक्ति के सवाल पर कहा कि इसकी प्रक्रिया भी शुरू कर दी गयी है और शीघ्र ही सभी खाली स्थानों को भर दिया जाएगा।
इससे पहले विधायक श्री सिंह ने एक स्थानीय हिन्दी दैनिक में छपी खबर का हवाला देते हुए अल्पसूचित सवाल के माध्यम से पीएमसीएच में तकनीशियनों की कमी के कारण एमआरआई और सिटी स्कैन नही हो पाने की समस्या को सदन के सामने रखा और कहा कि अस्पताल के नवनिर्मित भवन में एमआरआई और सिटी स्कैन की नई मशीनें दो महीने पहले इंस्टॉल हो चुकी है, लेकिन तकनीशियनों की कमी के कारण अबतक यह सुविधा शुरू नहीं हो सकी है। उन्होंने कहा कि पीएमसीएच में प्रत्येक दिन करीब तीन से चार हजार मरीज इलाज के लिए आते हैं, जिनमे से प्रतिदिन चिकित्सकों की सलाह के बाद करीब 400 से 500 मरीजों को एमआरआई और सीटी स्कैन जाँच की जरूरत होती है। जदयू विधायक ने सरकार से सवाल किया कि क्या सरकार पीएमसीएच में तकनीशियनों को प्रतिनियुक्त कराने का विचार रखती है।






