समस्तीपुर: समस्तीपुर जिले से ठगी और जाली नोट से जुड़े एक बड़े नेटवर्क का खुलासा होने की आशंका के बीच सुरक्षा एजेंसियों की संयुक्त कार्रवाई ने इलाके में सनसनी फैला दी है। हरियाणा और बिहार की स्पेशल टास्क फोर्स (STF) ने मंगलवार को दलसिंहसराय अनुमंडल के अजनौल गांव में एक राजनीतिक पृष्ठभूमि से जुड़े व्यक्ति के आवास पर छापेमारी की। यह कार्रवाई इतनी गोपनीय और सख्त सुरक्षा के बीच की गई कि गांव को चारों ओर से घेर लिया गया और किसी बाहरी व्यक्ति को मौके के पास जाने की इजाजत नहीं दी गई।
सूत्रों के मुताबिक, यह मामला हरियाणा में दर्ज ठगी और लूट की एक प्राथमिकी से जुड़ा है। शिकायत में आरोप है कि पीड़ित से “पैसा डबल” करने का लालच देकर दो लाख रुपये लिए गए और चार लाख रुपये देने का झांसा दिया गया। बाद में रकम लेने के बाद रास्ते में ही लूट की घटना को अंजाम दिया गया। जांच के दौरान इस गिरोह के तार बिहार से जुड़ते पाए गए, जिसके बाद हरियाणा STF ने बिहार STF से संपर्क कर संयुक्त टीम का गठन किया।
जांच में समस्तीपुर के अजनौल गांव निवासी पंकज कुमार लाल का नाम सामने आने के बाद उनके आवास पर छापेमारी की गई। बताया जा रहा है कि पंकज कुमार लाल पूर्व में भारतीय जनता पार्टी के जिला प्रवक्ता रह चुके हैं। वर्तमान में वे रेलवे के लिए नीर-नीर पानी सप्लाई के व्यवसाय से जुड़े हैं और विभूतिपुर थाना क्षेत्र के कल्याणपुर में एक रिक्शा एजेंसी भी संचालित करते हैं।
STF की टीम ने उनके आवास की गहन तलाशी ली और कई अहम बिंदुओं पर पूछताछ की। इसके साथ ही उनकी संपत्ति को लेकर भी जांच तेज कर दी गई है। एक समाचार पोर्टल के अनुसार, पंकज कुमार लाल ने करीब दो साल पहले अजनौल गांव में जमीन खरीदी थी, जहां लगभग तीन करोड़ रुपये से अधिक की लागत से एक आलीशान मकान का निर्माण कराया जा रहा है। अब जांच एजेंसियां यह पता लगाने में जुटी हैं कि इतनी बड़ी संपत्ति का स्रोत क्या है।
STF को आशंका है कि मामला सिर्फ ठगी तक सीमित नहीं, बल्कि जाली नोट और रुपया डबलिंग जैसे संगठित अपराध नेटवर्क से भी जुड़ा हो सकता है। फिलहाल जांच जारी है और इस नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों की तलाश की जा रही है।







