पटना: भाजपा ने विधानसभा चुनाव 2025 के लिए 71 प्रत्याशियों की अपनी पहली सूची जारी कर दी है। वर्तमान स्पीकर नंदकिशोर यादव नाम कट गया है। उनकी जगह रत्नेश कुशवाहा को पटना साहिब से उम्मीदवार बनाया गया है। कुम्हरार के मौजूदा विधायक अरुण कुमार सिन्हा का भी टिकट कट गया है। उनकी जगह संजय गुप्ता को टिकट मिला है। अरुण सिन्हा के टिकट कटने की पहले से चर्चा थी।
इन दोनों सीटों पर भाजपा ने नये जातीय समीकरण को ध्यान में रखा है। पूर्व केन्द्रीय मंत्री रामकृपाल यादव को दानापुर से उम्मीदवार बनाया गया है। इसके अलावा स्वास्थ्य मंत्री मंगल पांडेय जो कि बिहार विधान परिषद के सदस्य हैं, उन्हें सीवान से टिकट दिया गया है। प्रशांत किशोर ने जिस तरह से मंगल पांडेय पर गंभीर आरोप लगाये हैं उसको ध्यान में रख कर मंगल पांडेय को चुनाव के मैदान में उतारा गया है। अब मंगल पांडेय की किस्मत का जनता की अदालत में फैसला होगा। तारापुर से सम्राट चौधरी को टिकट दे कर भाजपा ने एक तरह से बड़ा फैसला लिया है। इस सीट पर जदयू का 2010 से कब्जा है।
इसके बाद भी भाजपा ने यहां से चुनाव लड़ने का फैसला किया। सम्राट चौधरी पर भी प्रशांत किशोर ने बहुत गंभीर आरोप लगाये हैं। इसका जवाब देने के लिए उन्हें चुनाव के मैदान में उतारा गया है। बक्सर से लोकसभा का चुनाव हारने वाले मिथिलेश तिवारी को बैकुंठपुर से मैदान में उतारा गया है। सिद्धार्थ गौतम पिछले चुनाव में कांग्रेस के टिकट पर जीते थे। लेकिन 2024 में विश्वासमत के दौरान उन्होंने NDA सरकार का साथ दिया था।इसके बाद चुनाव से पहले वो भाजपा में शामिल भी हो गए। भाजपा ने उन्हें इसका इनाम दिया और बिक्रम से उम्मीदवार बना दिया। आरा से मौजूदा विधायक अमरेन्द्र प्रताप सिंह का टिकट काट कर संजय सिंह टाइगर को मैदान में उतारा गया है। वे पहले संदेश से भाजपा के विधायक रह चुके हैं। मालूम हो कि पूर्व केन्द्रीय मंत्री आरके सिंह ने अपने चुनाव हरने के लिए अमरेन्द्र प्रताप सिंह को भी जिम्मेदार ठहराया था। पवन सिंह फैक्टर को समायोजित करने के लिए इस सीट पर राजपूत उम्मीदवार (संजय टाइगर) को मौका दिया गया है।







