नई दिल्ली : बिहार में मतदाता सूचियों की विशेष गहन समीक्षा (एसआईआर) प्रक्रिया के तहत गणना प्रपत्र भरकर जमा कराने के लिए सात दिनों का समय बचा है लेकिन महज 5.2 फीसदी मतदाताओं ने ही अब तक अपने फॉर्म जमा नहीं कराए हैं। आयोग राज्य के कुल 7.89 करोड़ मतदाताओं में से 94.68 फीसदी को कवर कर चुका है। आयोग ने शुक्रवार को बताया कि राज्य में महज 41,10,213 के अपने गणना प्रपत्र जमा नहीं कराए हैं।
अब आयोग इनकी सूची राजनीतिक दलों के साथ साझा कर रहा है। ताकि ऐसे प्रत्येक निर्वाचन की सही स्थिति की पुष्टि 25 जुलाई से पहले की जा सके। राजनीतिक दलों के बूथ स्तर के एजेंट और उनके जिला अध्यक्षों को यह सूचियां उपलब्ध कराई जा रही हैं। चुनाव आयोग ने इसके साथ ही फिर दोहराया है कि कोई भी पात्र मतदाता सूची से बाहर नहीं होगा। आयोग के मुताबिक, 24 जून से जारी एसआईआर प्रक्रिया के तहत अब तक 7,11,72,660 यानी 90.12 फीसदी गणना प्रपत्र भरकर जमा कराए जा चुके हैं।
इनमें 6,85,34,743 यानी 86.69 फीसदी का डिजिटलाइजेशन कर दिया गया है। इस दौरान 36,86,971 यानी केवल 4. 67 प्रतिशत मतदाता अपने पते पर उपस्थित नहीं पाए गए। माना जा रहा है कि 12,71414 यानी 1.61 फीसदी मतदाताओं की संभवत: मृत्यु हो चुकी है। स्थायी रूप से आवास बदलने वाले निर्वाचकों की संख्या 18,16,306 ( 2.3 फीसदी) है। एक से अधिक जगह मतदाता कार्ड रखने वाले निर्वाचक 5,92,273 यानी 0.75 फीसदी हैं।







