पटना: बिहार विधानसभा चुनाव को लेकर कांग्रेस ने स्थिति संभालने के लिए अब ‘जादूगर’ अशोक गहलोत को मैदान में उतारा है। पार्टी के वरिष्ठ नेता अशोक गहलोत को पटना भेजा है। अशोक गहलोत यहां राजद नेता तेजस्वी यादव से मुलाकात करेंगे, ताकि सीट बंटवारे, घोषणापत्र और प्रचार रणनीति जैसे मुद्दों पर बनी असहमति को दूर किया जा सके। सूत्रों के मुताबिक, कांग्रेस महासचिव केसी वेणुगोपाल ने पहले तेजस्वी से बातचीत की थी, जिसके बाद गहलोत, प्रदेश प्रभारी कृष्णा अल्लावरू और राजद नेताओं के बीच बुधवार को बैठक तय की गई है। माना जा रहा है कि ‘इंडिया’ गठबंधन की एकजुटता दिखाने के लिए ‘महागठबंधन’ के प्रदेश नेताओं की ओर से गुरुवार को एक संयुक्त प्रेस कॉन्फ्रेंस किए जाने की संभावना है।
सीट बंटवारे को अंतिम रूप देने में हो रही देरी के कारण उपजी निराशा के बीच यह कदम उठाया जा रहा है। सूत्रों के अनुसार, कांग्रेस नेतृत्व राजद से नाराज है क्योंकि दो महीने से जारी सीट बंटवारे की प्रक्रिया अब तक पूरी नहीं हुई है। कांग्रेस को अब तक यह स्पष्ट नहीं था कि उसे कितनी सीटें मिलेंगी, जिसके चलते टिकट फाइनल करने में देरी हुई। पार्टी सूत्रों ने यह भी कहा कि राजद ने सहयोगी दलों के साथ समान व्यवहार नहीं किया, जिसके चलते झामुमो (JMM) को जगह नहीं मिल सकी। वहीं मुकेश सहनी की वीआईपी पार्टी को कांग्रेस के हस्तक्षेप के बाद हिस्सा मिला। एक विपक्षी नेता ने कहा, ‘बड़े दल को सबको साथ लेकर चलना चाहिए, ताकि तालमेल और छवि दोनों मजबूत हों।’ जानकारी के मुताबिक, गठबंधन के घटक दलों ने लगभग 10 सीटों पर एक-दूसरे के खिलाफ उम्मीदवार उतारे हैं, जिनमें चार सीटों पर कांग्रेस और राजद आमने-सामने हैं।
हालांकि, अब इन ‘फ्रेंडली फाइट्स’ को खत्म या कम करने की कोशिश की जा रही है। राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि सीट शेयरिंग और उम्मीदवारों की संयुक्त घोषणा न होना गठबंधन की एकजुटता की छवि को नुकसान पहुंचा रहा है। इससे राहुल गांधी और तेजस्वी यादव की ‘वोटर अधिकार यात्रा’ से बने माहौल को भी झटका लगा है। अब गठबंधन फिर से तालमेल दिखाने की कोशिश में है। पहले राज्य स्तर पर नेताओं की संयुक्त उपस्थिति होगी, इसके बाद राहुल गांधी और अन्य वरिष्ठ नेताओं के साथ संयुक्त प्रचार अभियान चलाया जाएगा। मुख्यमंत्री पद के चेहरे को लेकर भी स्थिति स्पष्ट नहीं है। कांग्रेस नेताओं का कहना है कि चूंकि केवल राजद ने तेजस्वी यादव को सीएम कैंडिडेट घोषित किया है, इसलिए वही चेहरा गठबंधन की ओर से स्वीकार्य रहेगा। एक वरिष्ठ नेता ने कहा, ‘जल्द ही राज्य के नेता एक संयुक्त प्रेस कॉन्फ्रेंस करेंगे, वहीं तस्वीर साफ होगी।’







