नयी दिल्ली: दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने 20 फरवरी को भाजपा सरकार के एक वर्ष पूरा होने के अवसर पर अपनी सरकार का रिपोर्ट कार्ड जारी किया और इसे जनता के प्रति जवाबदेही और पारदर्शिता का प्रतीक बताया। इस मौके पर उन्होंने कहा कि उनकी सरकार ने प्रचार के बजाय ठोस परिणाम देने पर ध्यान केंद्रित किया है और वादों को जमीन पर उतारने का काम किया है।
रिपोर्ट कार्ड जारी करने से पहले मुख्यमंत्री ने राजधानी के प्रसिद्ध मरघाट हनुमान मंदिर में पूजा-अर्चना की और दिल्लीवासियों की सुख-समृद्धि के लिए प्रार्थना की। उन्होंने कहा कि यह एक वर्ष सरकार के लिए सीख और सुधार का समय रहा है, जिसमें प्रशासन ने विकास कार्यों को गति देने और शासन व्यवस्था को अधिक प्रभावी बनाने पर जोर दिया।
मुख्यमंत्री ने बताया कि पिछले एक साल में नौकरशाही प्रक्रियाओं को सरल बनाने, अनावश्यक देरी को कम करने और समाधान आधारित प्रशासन को प्राथमिकता दी गई। शिक्षा क्षेत्र में सुधार को सरकार की प्रमुख उपलब्धियों में शामिल करते हुए उन्होंने दिल्ली स्कूल शिक्षा (शुल्क निर्धारण एवं विनियमन में पारदर्शिता) अधिनियम, 2025 को एक महत्वपूर्ण कदम बताया। इस कानून का उद्देश्य निजी स्कूलों की फीस को नियंत्रित करना और अभिभावकों को राहत प्रदान करना है। इसके साथ ही, राजधानी के सरकारी स्कूलों में स्मार्ट क्लास और डिजिटल संसाधनों के विस्तार की योजना भी शुरू की गई है।
स्वास्थ्य सेवाओं के क्षेत्र में भी सरकार ने महत्वपूर्ण कदम उठाए हैं। दक्षिण दिल्ली के फतेहपुर बेरी में 51 नए आयुष्मान आरोग्य मंदिरों का उद्घाटन किया गया, जिससे शहर में ऐसे केंद्रों की कुल संख्या 370 तक पहुंच गई है। मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार का लक्ष्य हर नागरिक को सुलभ और बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराना है।
रेखा गुप्ता ने कहा कि सरकार आगे भी विकास, पारदर्शिता और जनसेवा के प्रति अपनी प्रतिबद्धता को बनाए रखेगी और दिल्ली को बेहतर बनाने के लिए निरंतर कार्य करती रहेगी।







