मुंबई: महाराष्ट्र में एक ओर जहां विकास की नई पहल की शुरुआत हुई, वहीं दूसरी ओर शोक और दर्द की खबरों ने राज्य को झकझोर दिया। अमरावती जिले के धारणी स्थित मेलघाट क्षेत्र में केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी ने 2,000 लीटर क्षमता वाले बल्क मिल्क कूलर केंद्र का उद्घाटन किया। यह परियोजना राष्ट्रीय डेयरी विकास बोर्ड की पहल है, जिसका उद्देश्य क्षेत्र के दुग्ध उत्पादकों को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराना है। नागपुर से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से कार्यक्रम को संबोधित करते हुए गडकरी ने कहा कि यह सुविधा मेलघाट जैसे पिछड़े क्षेत्र में आर्थिक बदलाव का मार्ग प्रशस्त करेगी। इस परियोजना से दूध खराब होने की समस्या कम होगी, किसानों को उचित मूल्य मिलेगा और रोजगार के नए अवसर पैदा होंगे। साथ ही मदर डेयरी द्वारा पशु चिकित्सा और तकनीकी सहायता भी प्रदान की जाएगी, जिससे क्षेत्र में एक लाख लीटर दूध उत्पादन का लक्ष्य हासिल किया जा सके।
इसी बीच, शिक्षा जगत से एक दुखद खबर सामने आई। प्रख्यात शिक्षाविद और पूर्व राज्यसभा सदस्य डॉ. जनार्दन वाघमारे का लातूर में 91 वर्ष की आयु में निधन हो गया। वह शरद पवार के करीबी सहयोगी रहे और स्वामी रामानंद तीर्थ मराठवाड़ा विश्वविद्यालय के संस्थापक कुलपति के रूप में उन्होंने शिक्षा और समाज सेवा में महत्वपूर्ण योगदान दिया।
वहीं, नागपुर जिले के काटोल तहसील स्थित राउलगांव में एसबीएल एनर्जी लिमिटेड की फैक्ट्री में हुए भीषण विस्फोट ने पूरे राज्य को स्तब्ध कर दिया। डेटोनेटर पैकिंग यूनिट में हुए इस धमाके में 18 मजदूरों की दर्दनाक मौत हो गई, जबकि 24 लोग घायल हो गए। मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने घटना की जांच के आदेश दिए हैं। राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने हादसे पर गहरा शोक व्यक्त करते हुए मृतकों के परिजनों के लिए आर्थिक सहायता की घोषणा की है। इस हादसे से पूरे क्षेत्र में शोक की लहर है।







