नयी दिल्ली: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शुक्रवार को तिरुवनंतपुरम नगर निगम में भाजपा की ऐतिहासिक जीत का स्वागत करते हुए एलडीएफ और यूडीएफ पर जमकर हमला बोला। उन्होंने कहा कि यह जीत दशकों से राज्य की उपेक्षा और भ्रष्टाचार का अंत है और विकास, सुशासन और जवाबदेही का नया युग शुरू करती है। तिरुवनंतपुरम में आयोजित जनसभा में पीएम मोदी ने कहा कि एलडीएफ और यूडीएफ दोनों ने केरल को भ्रष्टाचार, कुप्रबंधन और तुष्टीकरण की राजनीति में फंसा दिया है। भले ही दोनों अलग-अलग झंडे और चिन्हों का इस्तेमाल करते हैं, लेकिन उनकी मूल रणनीति समान है: व्यापक भ्रष्टाचार, जिम्मेदारी की कमी और सांप्रदायिक विभाजन को बढ़ावा देना।
प्रधानमंत्री ने तिरुवनंतपुरम की दशकों से उपेक्षा पर भी सवाल उठाया। उन्होंने कहा कि वामपंथी और कांग्रेस नेतृत्व वाले एलडीएफ और यूडीएफ ने शहर के बुनियादी ढांचे और सेवाओं में सुधार में विफलता दिखाई है, जबकि भाजपा ने पहले ही शहर को विकसित बनाने की दिशा में काम शुरू कर दिया है। पीएम मोदी ने जनता से विश्वास रखने का आग्रह किया और कहा कि वह बदलाव जो लंबे समय से प्रतीक्षित था, अब आ रहा है। उन्होंने तिरुवनंतपुरम में भाजपा की जीत को सुशासन और भ्रष्टाचार-मुक्त राज्य की दिशा में महत्वपूर्ण कदम बताया।
प्रधानमंत्री ने गुजरात में पार्टी के शुरुआती सफर और तिरुवनंतपुरम में हाल की जीत के बीच समानता भी दिखाई। 1987 में गुजरात में भाजपा ने अहमदाबाद नगर निगम पर नियंत्रण हासिल किया था, और उसी तरह तिरुवनंतपुरम में भाजपा ने शुरुआत की। उन्होंने कहा कि इस शहर से पूरे राज्य और देश के लिए आदर्श मॉडल तैयार किया जा सकता है।
पीएम मोदी ने कहा कि केरल का राजनीतिक परिदृश्य मुख्य रूप से एलडीएफ और यूडीएफ के बीच बंटा हुआ है, जो वर्षों से सत्ता साझा करते रहे हैं, लेकिन भाजपा और एनडीए विकास और सुशासन को प्राथमिकता देते हुए तीसरा विकल्प प्रस्तुत करते हैं। उन्होंने जनता से आग्रह किया कि वे इस नए विकल्प को अपनाएं और तिरुवनंतपुरम को पूरे देश के लिए आदर्श शहर बनाएं।







