नयी दिल्ली: भारतीय जनता पार्टी के संगठनात्मक इतिहास में आज एक अहम अध्याय जुड़ने जा रहा है। पार्टी के राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष नितिन नवीन 19 जनवरी को दिल्ली स्थित भाजपा मुख्यालय में राष्ट्रीय अध्यक्ष पद के लिए नामांकन दाखिल करेंगे। इस अवसर को भाजपा के भीतर बड़े शक्ति प्रदर्शन के रूप में देखा जा रहा है। कार्यक्रम में पार्टी के लगभग सभी भाजपा शासित राज्यों के मुख्यमंत्री, प्रदेश अध्यक्ष, केंद्रीय मंत्री और वरिष्ठ नेता शामिल होंगे। पार्टी सूत्रों के मुताबिक प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और गृह मंत्री अमित शाह समेत शीर्ष नेतृत्व ने नितिन नवीन के नाम पर सहमति जता दी है, जिससे उनका निर्विरोध चुना जाना लगभग तय माना जा रहा है।
भाजपा सांसद हेमंत सावरा ने इस मौके पर कहा कि भाजपा एक लोकतांत्रिक पार्टी है, जहां सामान्य कार्यकर्ता भी मेहनत के दम पर शीर्ष पद तक पहुंच सकता है। उन्होंने प्रधानमंत्री मोदी और अमित शाह का उदाहरण देते हुए कहा कि दोनों नेताओं ने भी संगठन में कार्यकर्ता के रूप में शुरुआत की थी। पार्टी के राष्ट्रीय रिटर्निंग ऑफिसर के लक्ष्मण के अनुसार अध्यक्ष पद के लिए नामांकन दोपहर 2 से 4 बजे के बीच होंगे, शाम को जांच और नाम वापसी की प्रक्रिया पूरी की जाएगी। जरूरत पड़ने पर 20 जनवरी को मतदान और उसी दिन परिणाम की घोषणा होगी।
बिहार के कद्दावर नेता नितिन नवीन पांच बार के विधायक हैं और पटना के बांकीपुर क्षेत्र का प्रतिनिधित्व करते हैं। 2006 के उपचुनाव से शुरू हुआ उनका राजनीतिक सफर 2025 तक लगातार जीत के साथ मजबूत होता गया। हाल के चुनाव में उन्होंने 51 हजार से अधिक वोटों के अंतर से शानदार जीत दर्ज की। वर्तमान में वे बिहार सरकार में सड़क निर्माण और शहरी विकास मंत्री हैं। जदयू के साथ गठबंधन प्रबंधन और एनडीए की जीत में उनकी भूमिका अहम मानी जाती है। छत्तीसगढ़ के प्रभारी के रूप में भी उन्होंने संगठन को मजबूत किया। अब उनके नेतृत्व में भाजपा नए संगठनात्मक युग की ओर बढ़ने की तैयारी में है।







