नयी दिल्ली: दुनिया के सबसे अमीर उद्योगपति एलन मस्क की कंपनी स्पेसएक्स ने अंतरिक्ष मिशनों को लेकर एक बड़ा और चौंकाने वाला ऐलान किया है। कंपनी का दावा है कि अगले 10 साल के भीतर चांद पर इंसानों की एक स्थायी बस्ती बसाई जा सकती है। इस नई रणनीति के तहत स्पेसएक्स ने फिलहाल मंगल ग्रह पर इंसानों को भेजने की अपनी योजना को पीछे रखा है और पूरा फोकस चांद पर इंसानी सिटी बनाने पर कर दिया है।
एलन मस्क ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर बताया कि चांद पर बस्ती बसाना तकनीकी और लॉजिस्टिक रूप से मंगल की तुलना में कहीं ज्यादा आसान है। उन्होंने कहा कि मंगल ग्रह की यात्रा ग्रहों की स्थिति पर निर्भर करती है और वहां जाने का मौका हर 26 महीने में ही मिलता है, जबकि चांद पर हर 10 दिन में लॉन्च संभव है। यही वजह है कि चांद पर तेजी से निर्माण और सप्लाई चेन विकसित की जा सकती है।
यह बदलाव अमेरिका की अंतरिक्ष नीति से भी जुड़ा है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप पहले ही 2028 तक चांद पर इंसानों को भेजने का लक्ष्य रख चुके हैं। नासा के आर्टेमिस मिशन के तहत स्पेसएक्स एक प्रमुख कॉन्ट्रैक्टर है और चांद पर उतरने वाले लैंडर का निर्माण कर रहा है। हालांकि, इस प्रोजेक्ट में देरी भी सामने आई है, जिससे मिशन की समयसीमा आगे बढ़ सकती है।
खर्च की बात करें तो चांद तक पहुंचना बेहद महंगा है। सरकारी आंकड़ों के मुताबिक, चांद की कक्षा तक पहुंचने में 100 अरब डॉलर से ज्यादा खर्च हो सकता है। वहीं प्राइवेट मिशन में एक यात्री की सीट का खर्च 100 मिलियन से 750 मिलियन डॉलर तक आंका जा रहा है। बावजूद इसके, एलन मस्क का मानना है कि चांद पर आसान पहुंच भविष्य में लागत कम कर सकती है।
स्पेसएक्स का यह प्लान अगर सफल होता है, तो यह मानव इतिहास का सबसे बड़ा अंतरिक्ष कदम साबित हो सकता है और चांद इंसानों का अगला स्थायी घर बन सकता है।







