लाइफस्टाइल: महंगे और हाई-मेगापिक्सल कैमरा वाले स्मार्टफोन आज लगभग हर किसी के हाथ में हैं, लेकिन ज्यादातर लोग इसका इस्तेमाल सिर्फ फोटो और वीडियो बनाने तक ही सीमित रखते हैं। असल में स्मार्टफोन का कैमरा एक पावरफुल स्मार्ट टूल है, जिससे रोजमर्रा के कई काम बेहद आसान हो सकते हैं। सही जानकारी हो तो यह कैमरा रिमोट की बैटरी चेक करने से लेकर डॉक्यूमेंट स्कैन, नाप-जोख और रियल टाइम ट्रांसलेशन तक में मदद कर सकता है।
अगर आपके टीवी या एसी का रिमोट अचानक काम करना बंद कर दे तो फोन कैमरा इसकी सच्चाई बता सकता है। कैमरा ऑन करके रिमोट के IR ब्लास्टर की तरफ रखने और बटन दबाने पर स्क्रीन पर नीली या बैंगनी लाइट दिखे तो रिमोट सही है और बैटरी खत्म है। लाइट न दिखे तो रिमोट खराब हो सकता है।
स्मार्टफोन कैमरा जरूरत पड़ने पर मैग्नीफाइंग ग्लास का काम भी करता है। दवाइयों के पत्तों या दस्तावेजों पर लिखे छोटे अक्षर पढ़ने में दिक्कत हो तो कैमरे का जूम और ऑटोफोकस मददगार साबित होता है। फ्लैशलाइट ऑन करके इसे प्रोफेशनल मैग्नीफायर की तरह इस्तेमाल किया जा सकता है।
नाप-जोख के लिए भी कैमरा काम आता है। आईफोन के Measure ऐप या एंड्रॉइड के AR Measure ऐप से बिना फीते के किसी भी चीज की लंबाई-चौड़ाई का अंदाजा लगाया जा सकता है। फर्नीचर खरीदते वक्त या कमरे का स्पेस मापने में यह फीचर बेहद उपयोगी है।
भाषा समझने में भी कैमरा बड़ा सहायक है। गूगल ट्रांसलेटर के कैमरा मोड से किसी भी बोर्ड, मेन्यू या दस्तावेज का तुरंत अनुवाद किया जा सकता है। वहीं गूगल लेंस किसी वस्तु की फोटो लेकर उसकी पूरी जानकारी पलभर में उपलब्ध करा देता है।
इसके अलावा स्मार्टफोन कैमरा पोर्टेबल स्कैनर की तरह काम करता है। जरूरी कागजात स्कैन कर PDF बनाई जा सकती है और तुरंत ईमेल या व्हाट्सऐप से भेजी जा सकती है। कुल मिलाकर, सही उपयोग से स्मार्टफोन कैमरा आपकी जिंदगी का एक ऑल-इन-वन डिजिटल असिस्टेंट बन सकता है।







